भाजपा सरकार में महिलाओं पर बड़ा अन्याय
अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा नारी वंदन की सिर्फ बातें करती है। भाजपा सरकार में हाथरस की बेटी को न्याय नहीं मिला। कानपुर में मां-बेटी को जिंदा जला दिया गया। लखनऊ अग्निकांड में पीड़ित मां के सामने मुख्यमंत्री की बातों को कोई नहीं भूल सकता है। वे पीड़ित मां से कह रहे थे कि भाषण सुनने के मूड में नहीं है। इसी सरकार ने खुशी दुबे को जेल भेजकर अपमानित किया था। आंकड़े बताते हैं कि भाजपा सरकार में महिलाओं और बेटियों के साथ सबसे ज्यादा अन्याय और अपराध हुआ है।
अखिलेश अनुमति नहीं देते, तभी जेन-जी आंदोलन में शामिल होते
अखिलेश यादव ने कहा कि महिलाओं को स्वतंत्र और प्रखर बनना चाहिए। महिलाओं के आने-जाने की सुविधा को बेहतर बनाया जाएगा। छात्राओं के लिए कार्ड के माध्यम से मेट्रो में मुफ्त यात्रा जैसी सुविधा उपलब्ध हों। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी प्रगतिशील सोच के साथ
सांसद डिंपल यादव ने कहा कि स्त्री सम्मान-समृद्धि योजना का मूल सिद्धांत नारी शक्ति का विकास कहने से नहीं, उन्हें सच्चा प्रतिनिधित्व देने से होगा। पीडीए में आधी आबादी के रूप में शामिल हर स्त्री का सम्मान और समृद्धि हमारा संकल्प है। दिल्ली के जेन-जी आंदोलन में भाग लेने के अपने अनुभव साझा करते हुए उन्होंने कहा कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इसमें शामिल होने की अनुमति दी। अगर सपा अध्यक्ष अनुमति नहीं देते, तब भी हम इस आंदोलन में शामिल होते।
उन्होंने महिलाओं से स्वतंत्र, प्रखर और आत्मनिर्भर बनने की अपील की। कहा कि वे समाज की पुरानी बंदिशों को तोड़कर आगे बढ़ें। इस अवसर पर सांसद इकरा हसन चौधरी व प्रिया सरोज, विधायक रेखा वर्मा, नसीम सोलंकी, गीता शास्त्री, मारिया अली, डॉ. रागिनी सोनकर व ऊषा मौर्या और पूर्व सांसद ऊषा वर्मा व कौसर जहां, पूर्व एमएलसी डॉ. मधु गुप्ता, सपा महिला की अध्यक्ष सीमा राजभर ने भी विचार रखे। कार्यक्रम का संचालन वंदना मिश्रा ने किया।