उत्तर-दक्षिण कॉरिडोर के निर्माण पर 18 हजार करोड़ रुपये की लागत आएगी। यह फोरलेन होगा। कुल 1989 किमी में से 1250 किमी हिस्सा एनएचएआई और 739 किमी हिस्सा यूपी पीडब्ल्यूडी के अधीन होगा। कुल लंबाई में 552 किमी की ग्रीनफील्ड परियोजनाएं होंगी। यानी, इसे जमीन लेकर नवनिर्माण करना होगा। शेष में चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण का काम होगा।
- कोटद्वार-नजीबाबाद-अमरोहा-इटावा-ललितपुर-सागर(मध्य प्रदेश)
- काशीपुर-मुरादाबाद-हाथरस-मथुरा-भरतपुर (राजस्थान)
-पिथौरागढ़-पीलीभीत-शाहजहांपुर-कानपुर-हमीरपुर, छतरपुर (मध्य प्रदेश)
- ककरहवा (नेपाल बॉर्डर)-बांसी-बस्ती-जौनपुर
-भोगिनीपुर-औरेया-कन्नौज-हरदोई-सीतापुर-लखीमपुर-गौरीफंटा(नेपाल बॉर्डर)
-पडरौना-देवरिया-मऊ-गाजीपुर-मेदिनीनगर (झारखंड)
-श्रावस्ती-गोंडा-अयोध्या-प्रयागराज-चाकघाट
-ऊंचाहार-चित्रकूट