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Lucknow News: अस्पतालों में फिर भेजी गईं नमी लगी दो दवाएं

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लखनऊ। सरकारी अस्पतालों में मेडिकल कॉरपोरेशन से भेजी गई दवाओं की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं। एक-एक कर कई दवाओं में नमी की शिकायत आ रही है। दवा का रैपर खोलते ही वह चूरन की तरह बिखर जा रही है। अब दो नई दवाओं में नमी की शिकायत मिली है। हालांकि, नमी लगी इन दवाओं को अभी तक वापस नहीं किया गया है।
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ड्रग कॉरपोरेशन से सरकारी अस्पतालों में अल्प्राजोलम दवा की आपूर्ति हुई है। जिसका बैच नंबट टीए 23793 है। इसके अलावा बैच नंबर यूटी 24019 की ग्लीमपीराइड दवा भी है। मरीज दवा काउंटरों पर इन दोनों दवाओं की शिकायत दर्ज करा रहे हैं। उनका कहना है कि रैपर खोलते ही यह चूरन की तरह बिखर रही है। नियमित तापमान में न रखने से यह नम हो गई है।
अस्पताल प्रभारियों का कहना है कि दोनों बैच की दवाओं की गुणवत्ता परखने बाद उन्हें वापस कराया जाएगा। वहीं, मेडिकल कॉरपोरेशन के एमडी जगदीश का कहना है कि अस्पतालों से नम हुईं दवाओं का रिकाॅर्ड मांगा गया था, मगर उसमें नमी न लगने की बात कही गई है।
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बीपी-कैल्शियम की दवा नहीं हुई वापस
बीते माह सभी अस्पतालों में कैल्शियम व बीपी की दवा टेल्मीसारटेन (40 एमजी) की आपूर्ति हुई थी, जिसका बैच नंबर एलएमटी 240537 है। इस दवा की गुणवत्ता भी ठीक नहीं थी। रैपर खुलने पर यह टूट रही थी। शिकायत के बाद भी अफसरों ने दवा वापस नहीं की। नमी लगी ये दवाएं सैकड़ों मरीज खा गए।
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बेअसर हो जाती हैं दवाएं
विशेषज्ञों का कहना है कि दवाएं नम होने से बेअसर हो जाती हैं। ऐसे में दवाओं को नियमित तापमान व नमी से बचाना जरूरी होता है।
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