बीटेक-बीकॉम के छात्र छात्रावास में नहीं रहते थे, उन्हें अभी छात्रावास अलॉट नहीं हुआ है। वे कुछ देर बाद वहां पहुंचे। पहले दोनों में कहासुनी हुई। इसके बाद छात्रावास से भी काफी छात्र अचानक बाहर आकर बीटेक-बीकॉम के छात्रों को पीटने लगे। इसकी सूचना किसी ने पुलिस को दी।
पहले से गश्त दे रही पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन छात्र नहीं माने। उन्होंने इसकी सूचना थाने को दी तो एसओ फोर्स के साथ पहुंचे और मारपीट कर रहे छात्रों को पीटा। कुछ छात्र भागकर हॉस्टल में गए तो पुलिस वालों ने छात्रावास में भी घुसकर इन छात्रों को पीटा। कोई अपना कमरा छोड़कर तो कोई कपड़ा छोड़कर भाग खड़ा हुआ। पुलिस सिद्धार्थ हॉस्टल में भी गई और वहां भी छात्रों को पीटा। इसकी सूचना मिलने पर प्रॉक्टोरियल बोर्ड व छात्रावास के अधिकारी मौके पर पहुंचे। देर रात तक वार्ता चली।
छात्रावास में न रहने वाले छात्र देर रात परिसर में आकर अराजकता फैला रहे हैं। पूर्व में हुई मारपीट के बाद पुलिस प्रशासन को छात्रावास के आसपास गश्त के लिए कहा गया था। काफी बवाल देख उन्होंने लाठी चलाई है। पुलिस से विस्तृत जानकारी लेकर विश्वविद्यालय स्तर पर कार्रवाई की जाएगी। अराजकता किसी स्तर पर स्वीकार्य नहीं होगी। - प्रो. रामचंद्रा, प्रॉक्टर, बीबीएयू
छह छात्रों के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई
विश्वविद्यालय के अंदर लगातार विवाद की सूचनाएं मिल रही थीं। पुलिस को शनिवार को भी विवाद की सूचना मिली। पुलिस ने विवाद करने वाले छह छात्रों के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की गई है। इसमें आनंद सिंह, विश्वान सिंह, दिव्यांश तिवारी, प्रभात, निशांत गौतम और धीरेंद्र कुमार शामिल हैं। - विश्वजीत सिंह, प्रभारी निरीक्षक, आशियाना