विजिलेंस ने फर्जी बिजली बिल बनाकर लाखों का चूना लगाने के आरोपी अधीक्षण अभियंता और लिपिक को गिरफ्तार कर लिया। यह गिरफ्तारी कानपुर नगर में की गई।
विजिलेंस के अफसरों का कहना है कि केसको कानपुर में तैनाती के दौरान अधीक्षण अभियंता राकेश कुमार गुप्ता ने क्लर्क शफातुल्ला के साथ मिलकर फर्जी बिजली बिल के जरिये विभाग को भारी नुकसान पहुंचाया था। इस मामले में चकेरी थाने में एफआईआर दर्ज हुई थी।
जांच में आरोप सही पाए जाने के विजिलेंस ने अभियोजन की स्वीकृति मांगी थी। स्वीकृति मिलने पर सोमवार को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
वर्तमान में राकेश कुमार दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम में और शफातुला केसको वितरण खंड में तैनात हैं।