सीबीआई ने बदायूं में दो किशोरियों से दुराचार कर फांसी पर लटका दिए जाने के मामले की जांच करने के लिए औपचारिक मुकदमा दर्ज कर लिया है।
इस मामले की पड़ताल करने के लिए सीबीआई की 20 सदस्यीय टीम शुक्रवार को यहां पहुंचेगी। इस टीम में फोरेंसिक एक्सपर्ट भी होंगे।
सीबीआई बदायूं कांड के बाद मौके की जांच के लिए पहुंचे बरेली व लखनऊ के फोरेंसिक एक्सपर्ट से भी बात करेगी।
गौरतलब है कि सीबीआई ने इससे पहले ही पुलिस से पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफआईआर और अब तक की गई विवेचना से जुड़े दस्तावेज मांग चुकी है।
पुलिसकर्मियों और डाक्टरों से भी पूछताछ
सूत्रों का कहना है कि सीबीआई की जांच टीम मौके पर पहुंचने वाले पुलिसकर्मियों के साथ ही उन लोगों से पूछताछ भी करेगी, जो घटनास्थल पर सबसे पहले पहुंचे थे।
सीबीआई दोनों किशोरियों के शवों का पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टरों से भी पूछताछ करेगी। घटनास्थल पर सीबीआई पीड़ित परिवार से पूछताछ करने के बाद आरोपी पक्ष को भी टटोलगी।
सीबीआई ने गुरुवार को मुकदमा दर्ज करने का औपचारिक कदम उठा लिया था। यह कदम कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) द्वारा इस मामले की सीबीआई द्वारा जांच करे जाने की अधिसूचना जारी करे जाने के बाद उठाया गया।
सीबीआई ने दी सहमति
उत्तर प्रदेश सरकार के मामले की सीबीआई जांच कराने के आग्रह पर सीबीआई की सहमति मिलने के बाद ही डीओपीटी ने बुधवार को अधिसूचना जारी की थी।
गौरतलब है कि खराब कानून व्यवस्था को लेकर प्रदेश सरकार पर भारी दबाव था, वहीं बदायूं मामले पर पुलिस प्रशासन की ढिलाई भी नजर आई।
अधिकारियों के साथ हुई बैठक में मुख्यमंत्री अखिलेश ने भी अफसरों को फटकार लगाते हुए कहा था कि मामले की खबर पहले मीडिया को हो गई, जबकि पुलिस अधकारियों तक जानकारी देर से पहुंची।