सूबे के कैबिनेट मंत्री इकबाल महमूद के बाद बृहस्पतिवार देर शाम स्वास्थ्य मंत्री अहमद हसन की सरकारी गाड़ी नो पार्किंग जोन में खड़ी मिली। ट्रैफिक पुलिस ने कार्रवाई कर उनकी सरकारी गाड़ी को क्रेन से उठवा लिया। सिफारिशों के बाद भी ट्रैफिक पुलिस और नगर निगम के कर्मचारी ने जुर्माना भरे बिना गाड़ी छोड़ने से मना कर दिया। इसके बाद चालक ने 1100 रुपये जुर्माना भरकर गाड़ी छुड़ाई।
दारुलशफा से लालबाग तक बृहस्पतिवार शाम सीओ ट्रैफिक रणविजय सिंह के नेतृत्व में अभियान चला। दारुलशफा के पास से क्रेन से लाल बत्ती लगी अंबेसडर कार को नो पार्किंग जोन से उठवा लिया।
कार्रवाई होने के बाद पता चला कि यह गाड़ी स्वास्थ्य मंत्री अहमद हसन की है। सीओ ट्रैफिक के आदेश पर सरकारी गाड़ी को तब तक हजरतगंज स्थित ट्रैफिक बूथ पर भेजा जा चुका था। करीब एक घंटे बाद चालक आया तो सरकारी गाड़ी गायब मिली।
नो पार्किंग से स्वास्थ्य मंत्री की गाड़ी उठाए जाने की जानकारी मिलने के बाद ड्राइवर अजयगंज चौराहे पर ट्रैफिक बूथ पर पहुंचा। ड्राइवर ने मंत्री की कार होने का हवाला देकर नगर निगम और ट्रैफिक पुलिस से कार छोड़ने को कहा, लेकिन ट्रैफिक पुलिस ने असमर्थता जाहिर की।
ड्राइवर ने सीओ ट्रैफिक को फोन कर गाड़ी छुड़वाने की कोशिश की। पर बात नहीं बनी। इसके बाद ड्राइवर ने एएसपी ट्रैफिक को फोन मिलाया, लेकिन एएसपी ट्रैफिक का फोन नहीं उठा।