प्रमाण पत्र प्राप्त करने वाले भवनस्वामी।
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भारतीय परंपरा में अतिथि को देव तुल्य माना गया है। इसी अवधारणा को रामनगरी में धरातल पर उतारने की शुरूआत की गई है। यहां रामलला के दर्शन-पूजन को आने वाले भक्तों के ठहरने के लिए पेइंग गेस्ट योजना के तहत 41 भवन स्वामियों को स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। पर्यटकों के ठहरने और भोजन का प्रबंध यहां इस तरह से किया जाएगा जिससे उन्हें बिल्कुल घर जैसी अनुभूति हो।
होटल-धर्मशालाओं के साथ ही पेइंग गेस्ट की व्यवस्था के तहत 41 भवन स्वामियों को मंडलायुक्त गौरव दयाल ने मंगलवार को पंजीकरण प्रमाण पत्र सौंपे। योजना से एक हजार घरों को जोड़ने का लक्ष्य है। अमर उजाला ने 10 जनवरी को माईसिटी में इस योजना से जुड़ी खबर ‘रामनगरी में पर्यटकों को मिलेगी घर जैसी सुविधा’ प्रमुखता से प्रकाशित की थी। इसे मूर्तरूप देने के लिए आयुक्त कार्यालय सभागार में मंगलवार को एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मंडलायुक्त ने भवन स्वामियों से कहा कि भव्य श्रीराम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के साथ ही अयोध्या आने वाले श्रद्वालुओं की संख्या में वृद्धि होगी। बड़ी संख्या में श्रद्धालु रात्रि निवास भी करेंगे। इनके ठहरने के लिए होटल, गेस्ट हाउस/होम स्टे की आवश्यकता होगी। होम स्टे से न केवल श्रद्धालुओं को घर जैसे माहौल में ठहरने का अनुभव होगा बल्कि स्थानीय निवासियों को अतिरिक्त आय भी प्राप्त हो सकेगी। जिले में रोजगार के अतिरिक्त अवसर सृजित होंगे।
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उन्होंने कहा कि भवन स्वामियों से कहा कि श्रद्धालुओं को घर जैसा माहौल देकर बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराएं। आसपास के लोगों, मित्रों और संबंधियों को भी योजना की जानकारी देने और एडीए से जारी होने वाले हेल्पलाइन नंबर से संपर्क कर उन्हें भी पेइंग गेस्ट योजना से जुड़वाएं। कहा कि एडीए से अयोध्या के होम स्टे/ पेइंग गेस्ट के स्वामियों और इसमें ठहरने वाले श्रद्धालुओं के सहयोग के लिए एक यूजर फ्रेंडली मोबाइल एप व वेब पोर्टल लाॅन्च किया जा रहा है। इसके जरिए यात्री अपने पसंद के होम स्टे/पेइंग गेस्ट में बुकिंग और अपने अनुभवों को साझा कर सकेंगे। एडीए की ओर से कस्टमर सपोर्ट सुविधा भी विकसित की जा रही है। कार्यक्रम में क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी रवींद्र, एडीए कंसलटेंट राकेश सिंह सहित संबंधित भवन स्वामी मौजूद रहे।
इन नंबरों पर कर सकते संपर्क
पर्यटन विभाग से संचालित इस योजना से ऐसे भवन स्वामी जिनके मकान में दो से पांच तक अतिरिक्त कमरे हों, वे इस योजना से जुड़कर अतिरिक्त आय सृजित कर लाभ उठा सकते है। इसके लिए वह मोबाइल नं. 7607778924, 7607778926 पर फोन करके योजना के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।