बंथरा में मिलावटी शराब पीने से छह लोगों की मौत के मामले में इंस्पेक्टर रमेश सिंह रावत समेत तीन पुलिसकर्मियों को मंगलवार रात निलंबित कर दिया गया। पुलिस आयुक्त सुजीत पांडेय का कहना है कि ड्यूटी और विवेचना में लापरवाही बरतने पर यह कार्रवाई की गई है। उधर, मिलावटी शराब पीने के बाद से अस्पताल में भर्ती सात अन्य लोगों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है।
एडीसीपी मध्य चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया कि इंस्पेक्टर बंथरा ने विवेचना और पर्यवेक्षण के काम में लापरवाही बरती इसलिए उन्हें निलंबित किया गया है। इंस्पेक्टर के अलावा उपनिरीक्षक गोपी श्याम और मुख्य आरक्षी प्रभाशंकर प्रजापति के खिलाफ भी निलंबन की कार्रवाई की गई है।
मालूम हो कि बुधवार शाम बंथरा के लतीफनगर गांव के राशन कोटेदार नन्हकऊ की दुकान से देशी शराब खरीदकर पीने वाले लतीफनगर निवासी 38 वर्षीय राजकुमार और राजू रावत, रसूलपुर के 39 वर्षीय सुंदरलाल रावत, 28 साल के अनीष, रसूलपुर गांव निवासी व रेलवे में फिटर की नौकरी करने वाले 41 वर्षीय अजय यादव, 38 साल के मोहम्मद हबीब और 40 वर्षीय निर्मल ने दम तोड़ दिया था।
एफआईआर दर्ज
शराब से जान गंवाने वाले सुंदरलाल रावत के बड़े भाई कन्हैयालाल, रसूलपुर गांव में रिश्तेदारी में आया उन्नाव के मोहान निवासी हाफिज, लतीफनगर का मनोज कोरी, दयाराम, नन्हा, गंगाराम और कैलाश का ट्रामा सेंटर में उपचार चल रहा है। ग्रामीणों ने स्थानीय पुलिस और आबकारी विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों की मिलीभगत से शराब की नाजायज रूप से खरीद-फरोख्त का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा व प्रदर्शन किया जिसके बाद पुलिस ने कोटेदार नन्हकऊ और शराब ठेके के सेल्समैन मानवेंद्र सिंह को गिरफ्तार किया था।
सेल्समैन की मिलीभगत से कोटेदार अपनी राशन की दुकान से शराब की खरीद-फरोख्त करता था। वह बोतल से शराब निकालकर नशा बढ़ाने के लिए उसमें केमिकल मिला देता था। इस मामले में आबकारी विभाग के निरीक्षक आलोक पांडेय ने राशन कोटेदार नन्हकऊ तथा शराब ठेकेदार सुभाष कुमार सिंह और सेल्समैन मानवेंद्र सिंह के खिलाफ दो एफआईआर दर्ज कराई हैं। एक एफआईआर लतीफनगर के उमेश की तरफ से भी की गई है।
मजिस्ट्रेटी जांच शुरू
सरोजनीनगर तहसील के रसूलपुर और लतीफ नगर गांव में देसी शराब पीने के बाद हुई मौत के मामले की मजिस्ट्रेट जांच नामित अधिकारी व एडीएम पूर्वी केपी सिंह ने शुरू कर दी है। उन्होंने बताया कि उपरोक्त के संबंध में किसी भी व्यक्ति को कोई साक्ष्य प्रस्तुत करना हो अथवा बयान दर्ज कराना हो तो वह 19 नवम्बर को प्रात: 11 बजे से दोपहर एक बजे तक एडीएम सिटी पूर्वी के कलेक्ट्रेट कार्यालय स्थित कक्ष संख्या-47, प्रथम तल में उपलब्ध हो सकता हैं।
डीएम अभिषेक प्रकाश ने पूरे मामले की जांच की जिम्मेदारी एडीएम पूर्वी के पी सिंह को सौंपी थी। शराब कांड को लेकर आबकारी विभाग जहां कटघरे में है वहीं स्थानीय पुलिस की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है। ठेके से अवैध शराब बिक रही थी और पुलिस को भनक नहीं लगी यह सबसे बड़ा सवाल है।
परिजनों को दी धनराशि
बंथरा जहरीली शराब कांड मामले में सरोजनीनगर एसडीएम सूर्यकांत त्रिपाठी के साथ रसूलपुर और लतीफ नगर गांव पहुंचे एडीएम प्रशासन एपी सिंह ने सभी छह मृतकों के परिवारीजनों को 10-10 हजार रुपये की नगद धनराशि वितरित की। मृतक सुंदर लाल की पत्नी किरन, मो. अनीस की पत्नी रुबीना, राजकुमार रावत की पत्नी रेशमा, निर्मल यादव की पत्नी सियावती, हबीब के भाई जमील अहमद और मृतक अजय यादव की पत्नी ममता देवी को सहायता राशि दी गई।