लखनऊ। बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर केंद्रीय विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में इतिहास विभाग के पीएचडी शोधार्थी बसंत कुमार कनौजिया के निष्कासन से साथी छात्रों में आक्रोश है। नाराज छात्रों ने बुधवार को भी प्रशासनिक भवन के सामने धरना जारी रखा।
छात्रों ने कुलपति प्रो. आरके मित्तल, प्रॉक्टर प्रो. रामचंद्र को ज्ञापन सौंपा है। उनका कहना है कि जब तक बसंत को विश्वविद्यालय वापस नहीं लेता है, वे धरना जारी रखेंगे। पुलिस टीम ने भी छात्रों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे नहीं माने।
उधर, छात्र बसंत कुमार ने बताया कि विश्वविद्यालय की अनुशासन समिति ने 17 सितंबर की घटनाओं का हवाला देते हुए उन पर उपद्रव भड़काने और कुलपति कार्यालय में तोड़फोड़ का आरोप लगाया है। साथ ही भविष्य में किसी भी कोर्स में प्रवेश पर रोक लगा दी है। जब तक विश्वविद्यालय निर्णय नहीं बदलेगा, प्रदर्शन जारी रहेगा। प्रवक्ता डा. रचना गंगवार का कहना है कि कार्रवाई नियमानुसार हुई है। फिर भी छात्र को लगता है कि उसके साथ अन्याय हुआ तो वह अपना पक्ष कार्यालय में रख सकता है।