लखनऊ। डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन के एवज में वसूले जाने वाले यूजर चार्ज में धांधली के मामले थम नहीं रहे हैं। अब फिर कई वार्डों में इसके मामले सामने आए हैं। यहां निजी कंपनी ने यूजर चार्ज तो वसूला, मगर रसीद भवनस्वामी को नहीं दी गई।
नगर निगम के सफाई एवं खाद्य निरीक्षक (एसएफआई) की जांच में सामने आया है कि निजी कंपनी लखनऊ स्वच्छता अभियान (रामकी ) यूजर चार्ज तो वसूल रही है, मगर पूरी रकम नगर निगम में जमा नहीं कर रही। गोमतीनगर विस्तार के खरगापुर सरसवां वार्ड में ऐसे कई मामले सामने आए हैं। इसको लेकर रामकी को नोटिस जारी हुए हैं।
इसमें कहा गया है कि यूजर चार्ज नगर निगम के कोष में जमा करने के बजाय संस्था पैसे खुद ले रही है। इससे नगर निगम को जानबूझकर वित्तीय क्षति पहुंचाई जा रही है। नियमानुसार घर-घर या व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से कूड़ा कलेक्शन के एवज में लिए जाने वाले यूजर चार्ज की रसीद संबंधित को देना अनिवार्य है, लेकिन कंपनी इन नियमों का पालन नहीं कर रही है।
अब ये नए मामले आए सामने
- खरगापुर सरसवां वार्ड के गोमतीनगर विस्तार इलाके में आईआईडीएम ईको सेंटर से प्रतिमाह पांच हजार रुपये यूजर चार्ज वसूला जा रहा, मगर रसीद नहीं दी जा रही। 18 मई को जब यहां नगर निगम के खाद्य निरीक्षक ने जांच की तो यह खेल सामने आया।
- मैजेस्टिक होटल से यूजर चार्ज वसूलने के बाद उसे नगर निगम में जमा नहीं करने का मामला 29 फरवरी को पकड़ा गया था, मगर अब तक रामकी कंपनी ने इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी है।
- खरगापुर सरसवां वार्ड में गोमतीनगर विस्तार इलाके के निंबस फैसिलिटी मैनेजमेंट ओपीसी लिमिटेड और ओमेक्स आर वन व टू अपार्टमेंट में 16 मई को निरीक्षण किया गया। इस दौरान पता चला कि रामकी कंपनी यहां से हर महीने 78,410 रुपये यूजर चार्ज वसूल रही है, मगर जमा नहीं कर रही है।
Iकिन जगहों पर यूजर चार्ज लेने के बाद रसीद नहीं दी गई और नगर निगम में जमा नहीं किया गया, इसकी पूरी रिपोर्ट ली जाएगी और आवश्यक कार्रवाई भी की जाएगी। I
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- पंकज श्रीवास्तव, अपर नगर आयुक्तI