राज्य सरकार अगले साल से वित्तविहीन माध्यमिक विद्यालयों के करीब दो लाख शिक्षकों को मानदेय देने की तैयारी कर रही है।
माध्यमिक शिक्षा विभाग ने सभी डीआईओएस को पत्र भेजकर उनके यहां इन विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों का ब्यौरा मांगा है। जिलों से रिपोर्ट मिलने के बाद मानदेय की राशि तय की जाएगी।
वित्तविहीन माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षक लंबे समय से मानदेय देने की मांग कर रहे हैं। चुनावी वर्ष में सरकार ने इस मांग पर संजीदगी से काम करना शुरू कर दिया है।