यूपी बोर्ड के स्कूलों का शैक्षिक सत्र बदलने का फायदा छात्रों ही नहीं बल्कि हजारों शिक्षकों को भी मिलेगा। नया शैक्षिक सत्र 1 अप्रैल से शुरू होने की व्यवस्था लागू होने के बाद अब अप्रैल के बाद रिटायर होने वाले शिक्षकों को एक शैक्षिक सत्र का लाभ मिलने की पूरी उम्मीद है।
यानी ऐसे शिक्षकों को पूरे एक साल का स्वत: सेवा विस्तार मिल सकता है। इस संबंध में माध्यमिक शिक्षा निदेशालय में मंथन चल रहा है और जल्द ही शासनादेश जारी होने की संभावना है।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा अधिनियम की धारा 16 के विनियम 21 के मुताबिक आचार्य, प्रधानाध्यापक व अध्यापक के रिटायरमेंट की आयु 60 वर्ष है। इनमें से यदि किसी के रिटायरमेंट की आयु मध्य सत्र की तिथि में पड़ती है तो उसे उस स्थिति में स्वत: एक सत्र का सेवा विस्तार दे दिया जाएगा।
यदि कोई आचार्य, प्रधानाध्यापक व अध्यापक सेवा विस्तार न लेकर निर्धारित तिथि पर ही रिटायर होना चाहता है, तो दो माह पहले इसके लिए उसे लिखित सूचना देनी होगी।