रायबरेली। डेंगू व चिकनगुनिया के बाद अब जिले में स्वाइन फ्लू की दस्तक ने परेशानी बढ़ा दी है। लखनऊ के एक निजी अस्पताल में हुई जांच में जिले का पहला स्वाइन फ्लू पीड़ित मरीज मिला है। इसके साथ ही डेंगू के पांच और चिकनगुनिया पीड़ित एक मरीज को भी बीते 24 घंटे में इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट में जिले के भर्ती एक मरीज में स्वाइन फ्लू की पुष्टि के बाद स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड में आ गया है। चिह्नित मरीज के घर जांच के लिए टीम भेजकर परिवार के बाकी सदस्यों के साथ ही आसपास रहने वाले 65 लोगों के रक्त नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। स्वाइन फ्लू के चपेट में आए मरीज के घर के लोगों को बचाव के लिए दवा भी बांटी गई। जांच के दौरान स्वाइन फ्लू की पुष्टि वाले मरीज के साथ ही परिवार के बाकी लोग स्वस्थ मिले।
सांस लेने की समस्या बढ़ने के बाद शहर के दक्षिणी जहानाबाद में रहने वाले 68 वर्षीय बुजुर्ग को लखनऊ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां कराई गई जांच में मरीज में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद गत रविवार को डॉ. ऋषि बागची और मो. नकवी की टीम ने मरीज के घर पहुंचकर परिवार के लोगों की जांच की। जांच में सभी लोग स्वस्थ मिले।
उधर, जिला अस्पताल की प्रयोगशाला की जांच में बेलाभेला क्षेत्र के मठिया गांव निवासी सत्येंद्र श्रीवास्तव (45) चिकनगुनिया संक्रमित मिले। टीम ने मरीज के घर पहुंचकर जांच की। इसके अलावा जिला अस्पताल की प्रयोगशाला में शहर के सम्राट नगर निवासी ननका देवी (62), पुलिस लाइन चौराहा निवासी शिप्रा (45), खाली सहाट निवासी अनुष्का (10), खसपरी निवासी करन (23), सूबेदार का पुरवा धूता निवासी क्षमा (41) में डेंगू की पुष्टि हुई है। डेंगू की रिपोर्ट आने के बाद मलेरिया निरीक्षक मो. आतिफ की टीम ने मरीजों के घर पहुंचकर परिवार के लोगों के ब्लड के सैंपल लिए।
स्वाइन फ्लू के लक्षण सामान्य फ्लू की तरह
जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. गौरव त्रिवेदी ने बताया कि स्वाइन फ्लू के लक्षण सामान्य फ्लू की तरह दिखाई देते हैं। इसमें व्यक्ति को बुखार, गले में खराश, खांसी, सिर दर्द, शरीर में दर्द, ठंड लगना और थकान महसूस होती है। स्वाइन फ्लू से ग्रसित कई लोगों को उल्टी और दस्त की भी शिकायत होती है।
छोटे बच्चों में इसके लक्षण थोड़े अलग हो सकते हैं। अगर बच्चे को सांस लेने में तकलीफ है, दाने के साथ बुखार और भ्रम की स्थिति बन रही है तो तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए। एच1एन1 नाम का वायरस स्वाइन फ्लू जैसी खतरनाक बीमारी का कारण बनता है। यह एक श्वसन रोग है, जो सामान्य फ्लू की तरह संक्रामक है।
संक्रमण से बचने के लिए साफ सफाई जरूरी
जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. सलीम ने बताया कि महज घर व आसपास साफ सफाई कर स्वाइन फ्लू के संक्रमण से बचा जा सकता है। इसके लिए व्यक्तिगत स्वच्छता के साथ ही मच्छरों से बचने के साथ कच्ची सब्जी व फल को धो कर ही खाना चाहिए। समस्या होने पर तत्काल अस्पताल पहुंचकर चिकित्सीय सलाह लेना चाहिए।
जिले के एक मरीज की जांच में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। हालांकि मरीज के साथ ही परिवार के अन्य लोग मेडिकल टीम की जांच में पूरी तरह स्वस्थ मिले हैं। डेंगू व चिकनगुनिया के मरीजों का भी बेहतर इलाज किया जा रहा है। बचने के लिए एहतियात बरतने की जरूरत है।
डॉ. ऋषी बागची, संक्रामक रोग विशेषज्ञ