मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 25 नवंबर से 8 दिसंबर के दौरान वायरस के नए स्वरूप से संबंधित देशों से प्रदेश में आए लोगों के आइसोलेशन और लक्षण के आधार पर टेस्टिंग की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा उन्होंने इन देशों से 9 दिसंबर के बाद प्रदेश में आए लोगों की अनिवार्य रूप से आरटीपीसीआर विधि से टेस्टिंग के लिए भी कहा है। मुख्यमंत्री ने बुधवार को लोक भवन में एक उच्चस्तरीय बैठक में कहा कि कोरोना वायरस के नए स्वरूप को ध्यान को रखते हुए पूरी सतर्कता जरूरी है।
मुख्यमंत्री ने पूरे देश में सबसे अधिक कोविड-19 टेस्ट किए जाने पर संतोष व्यक्त करते हुए जांच कार्य को पूरी गति से संचालित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रति मिलियन टेस्ट के आधार पर उत्तर प्रदेश का देश में दूसरा स्थान है। कोविड चिकित्सालयों की व्यवस्थाओं को चुस्त-दुरूस्त बनाए रखते हुए विशेषज्ञ चिकित्सकों को कोविड वॉर्ड में नियमित राउंड लेने, अस्पतालों में दवाओं, मेडिकल उपकरण और ऑक्सीजन बैकअप बनाए रखने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 के वैक्सीनेशन के संबंध में समयबद्ध ढंग से कार्य किया जाए। जिला स्तर पर गहन मॉनिटरिंग करते हुए वैक्सीन भंडारण, कोल्ड चेन, ट्रांसर्पोटेशन के संबंध में सभी प्रबंध समय से किए जाएं।