राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था से लैस बापू भवन स्थित उ.प्र. अल्पसंख्यक कल्याण एवं वक्फ अनुभाग-2 से शिया-सुन्नी वक्फ बोर्ड की पिछले पांच साल के विशेष ऑडिट कराए जाने संबंधी फाइल चोरी हो गई है। इसे लेकर वक्फ बोर्ड के अनुभाग अधिकारी राम भरत ने हजरतगंज थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। वक्फ राज्य मंत्री मोहसिन रजा ने कहा कि ऑडिट से संबंधित फाइलें गायब होने के पीछे वक्फ बोर्ड और सचिवालय के अल्पसंख्यक कल्याण एवं वक्फ अनुभाग-2 के बाबुओं का हाथ है। सरकार दोषियों को चिह्नित कर उन पर कड़ी कार्रवाई करेगी। वक्फ संपत्तियों का अब गरीबों के हित में ही इस्तेमाल होगा।
बता दें कि दोनों बोर्ड में हुई अनियमितताओं पर पिछले दिनों सीएम योगी ने सीबीआई जांच की सिफारिश की थी। ऐसे में फाइल का गायब होना महज संयोग है या साजिश इसकी पड़ताल पुलिस करेगी। हालांकि सीबीआई जांच अभी शुरू नहीं हुई है। बोर्ड के विशेष ऑडिट संबंधी पत्रावली 17 मई, 2017 को तत्कालीन समीक्षा अधिकारी अजीम को मार्क की गई थी। शुरुआत में फाइल की रफ्तार काफी तेज थी।
17 मई से 6 जून के बीच आठ बार अनुसचिव, संयुक्त सचिव, विशेष सचिव व समीक्षा अधिकारी के बीच फाइल इधर से उधर होती रही। 6 जून को वापस अजीम के पास पहुंची। पत्रावली पर अंतिम मार्किंग 4 अगस्त, 17 की है। पहले फाइल को अनुसचिव व संयुक्त सचिव के लिए मार्क किया गया। वहां उसी तारीख में फाइल अजीम को मार्क की गई। तब से फाइल गायब है।