लखनऊ। निगोहां के भद्दीखेड़ा गांव में दो बेटों ने अपनी मां को पांच दिन तक बंधक बनाकर भूखा रखा और उसकी पिटाई की। डरी सहमी मां रात को किसी तरह कमरे की दीवार काटकर भाग निकली। दूसरे घर में अलग रहने वाले बड़े बेटे ने कई दिनों से नहीं देखा तो उसने निगोहां थाने में गुमशुदगी की तहरीर दी। पुलिस चार घंटे में बुजुर्ग महिला को तलाश कर थाने लेकर गई जहां पूछताछ में मामले का खुलासा हुआ। पुलिस ने महिला को सीएचसी भेजा। वहीं आरोपी बेटों को थाने लेकर गई। पीड़िता तहरीर देने को कहती रही लेकिन पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। आरोपी दोनों बेटों का केवल शांति भंग में चालान किया।
निगोहां थानाक्षेत्र के भद्दीखेडा गांव की 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला कई दिन से भूखी थाने के पास घूम रही थी। शुक्रवार को एक समाजसेवी की नजर उस पर पड़ी तो उसने कारण पूछा। रोते हुए महिला ने बताया कि उसके बेटे कौशल और जद्दू ने उस पर गंभीर आरोप लगाकर पिछले पांच दिन तक घर में बंधक बनाकर रखा। उसने बताया कि बेटों ने उसकी लाठी-डंडे और बेल्ट से जमकर पिटाई की। महिला के अनुसार, उसे दोनों बेटों द्वारा रात में हत्या करने की धमकी मिली तो वह किसी तरह रात में कमरे की दीवार काटकर भाग निकली। उधर कई दिनों से मां के न दिखने पर बड़े बेटे ने गुमशुदगी की तहरीर निगोहां थाने में दी। पुलिस चार घंटे में बुजुर्ग महिला को ढूंढकर थाने ले आई। और पीड़िता ने आपबीती बताई और लाठी-डंडों और बेल्ट से मारे गए अपने जख्म भी दिखाए। पुलिस ने उसे सीएचसी भेजकर इलाज कराया और आरोपित बेटों को थाने ले आई।
पुलिस ने नहीं सुनी बुजुर्ग की गुहार
पीड़िता का आरोप है कि वह पुलिस से तहरीर लेने और कार्रवाई के लिए गुहार लगाती रही लेकिन निगोहां पुलिस ने एक न सुनी। वहीं ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पुलिस की लापरवाही की वजह से कहीं बुजुर्ग मां की जान न चली जाए। वहीं पीड़िता ने बताया कि बेटे व बहू से उसे जान से मारने की धमकी मिल रही है। सीओ निगोहां सैयद नईमुल हसन ने बताया कि महिला को बेटों द्वारा पीटा गया है। बेटों का शांतिभंग में चालान किया गया है। मामले की जांच की जा रही है।