आमचुनाव में हार के बाद कांग्रेस कार्यकर्ता राहुल की जगह प्रियंका गांधी को नेतृत्व सौंपने की बात कह रहे हैं तो क्या सोनिया भी प्रियंका को आगे लाने पर विचार कर रही हैं?
विज्ञापन
इसका पता तो वक्त आने पर ही चलेगा लेकिन्र जीत के बाद पहली बार रायबरेली पहुंची सोनिया ने ऐलान कर दिया कि रायबरेली के विकास की जिम्मेदारी प्रियंका गांधी की होगी। उन्होंने कहा कि प्रियंका यहां विकास कार्यों को बढ़ावा देने के लिए काम करती रहेंगी।
जीत के धन्यवाद पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ भोजन करके एक बार कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने अपनेपन का अहसास कराया।
चेहरे पर खुशी के भाव थे तो कांग्रेस को मजबूत करने की ललक दिखी। पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में संगठन की मजबूती के लिए जोश भरा और पार्टी की उपलब्धियों को घर-घर तक पहुंचाने का आह्वान किया।
विज्ञापन
सोनिया ने पहले कभी नहीं किया ऐसा
चौथी बार लोकसभा चुनाव जीतने के बाद जिस तरह पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ भोजन किया, वह कभी नहीं हुआ।
इसमें ग्राम स्तर के सदस्य तक को बुलाया गया था। देर शाम पहुंची सोनिया गांधी ने पहले सभी को धन्यवाद दिया और फिर भाषण समाप्त होने के बाद पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठकर भोजन किया।
उन्होंने न सिर्फ रायबरेली के सम्मान की लड़ाई लड़ने की बात कही, बल्कि कहा कि प्रियंका संगठन की मजबूती और यहां के विकास कार्यों को बढ़ावा देने के लिए काम करती रहेंगी।
इस बार नहीं किया भेदभाव
खास बात ये भी रही कि इस बार के कार्यक्रम में बड़े, छोटे का कोई भेदभाव नहीं दिखा। किसी को कांग्रेस अध्यक्ष के पास आने जाने की कोई रोकटोक नहीं था।
हर कोई सोनिया के पास पहुंच रायबरेली संसदीय क्षेत्र से चौथी बार चुनाव जीतने पर बधाई देता। सोनिया गांधी ने हाथ में थाली लेकर खाना खाया। कांग्रेस नेता शिव प्रकाश मिश्रा ने बताया कि ऐसा आयोजन पहली बार हुआ, लेकिन अच्छा लगा।
भोजन में दाल-रोटी, चावल, पनीर, दही-बड़ा, हलुवा की व्यवस्था की गई थी। भोजन करने के बाद सोनिया गांधी फुरसतगंज एयरपोर्ट पहुंची और फिर वहां से दिल्ली के लिए रवाना हो गई।
इस मौके पर जिलाध्यक्ष उमाशंकर मिश्र, सांसद प्रतिनिधि किशोरीलाल शर्मा, निजी सचिव धीरज श्रीवास्तव, विनय द्विवेदी, विजय शंकर अग्निहोत्री आदि भी मौजूद रहे।
सोनिया गांधी के कार्यक्रम की कवरेज के लिए मीडिया को अंदर नहीं जाने दिया। इसको लेकर स्थानीय कांग्रेसी नेताओं ने भी ध्यान नहीं दिया। इससे मीडिया कर्मियों में नाराजगी भी रही।
कांग्रेसियों ने सोनिया गांधी का किया स्वागत पूर्व विधायक अशोक सिंह, एमएलसी दिनेश सिंह आदि ने सोनिया गांधी का फूल मालाओं से लादकर स्वागत किया। साथ ही चौथी बार चुनाव जीतने पर बधाई भी दी।
गौरतलब है कि कांग्रेस का गढ़ कहे जाने वाले अमेठी और रायबरेली में गांधी परिवार की सक्रियता बढ़ती जा रही है। यहां तक कि भाजपा से मिली कठिन चुनौती के कारण राहुल गांधी भी अमेठी में मतदान के दिन रहे और जीत के बाद भी अमेठी जाकर लोगों को धन्यवाद दिया।