लखनऊ। राजकीय आईटीआई और पॉलीटेक्निक में सोलर प्लांट लगेंगे। इससे न केवल बिजली की बचत होगी, बल्कि यह विद्यार्थियों के प्रशिक्षण के लिए भी उपयोगी होगा। सूर्यमित्र कौशल विकास के तहत चारबाग आईटीआई व अन्य संस्थानों में प्लांट लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
राजकीय शिक्षण संस्थानों और सरकारी कार्यालयों में 40 किलोवाट के सोलर प्लांट लगाए जा रहे हैं। ग्रीन एनर्जी और पर्यावरण के अनुकूल लगने वाले इस प्लांट से संस्थानों पर बिजली बिल का भार न के बराबर पड़ेगा। साथ ही सोलर प्लांट से जनरेट होने वाली बिजली संरक्षित कर संस्थान अपनी आमदनी भी बढ़ा सकेंगे।
सूर्यमित्र कौशल विकास विभाग के अनुसार, 40 किलोवाट सोलर प्लांट से हर दिन 180 से 200 यूनिट बिजली पैदा होगी। संस्थानों में 150 यूनिट तक बिजली की खपत होती है। प्लांट लगने से बिजली की बचत होगी और संस्थानों को इसका लाभ भी मिलेगा।
राजकीय आईटीआई चारबाग के प्रधानाचार्य चंद्रशेखर सिंह ने बताया कि संस्थान में सोलर प्लांट लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह इलेक्ट्रीशियन, सोलर एनर्जी व अन्य कोर्स करने वाले विद्यार्थियों के प्रशिक्षण का हिस्सा भी बनेगा। वह प्लांट लगाने का तरीका, रिपेयरिंग और बिजली जनरेट करने की प्रक्रिया समझ सकेंगे। इससे पढ़ाई के साथ ही रोजगारपरक शिक्षा से जुड़ने का अवसर भी मिलेगा।