फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Exclusive: 872 रुपये के मीटर का ले रहे छह हजार, 5144 रुपये महंगा बेचा जा रहा स्मार्ट मीटर

Sun, 13 Nov 2022 06:42 PM IST
ishwar ashish नरेश शर्मा, अमर उजाला, लखनऊ

सार

यूपी पावर कॉर्पोरेशन की आईटी सेल के जिम्मेदारों की लापरवाही जनता पर भारी पड़ रही है। उपभोक्ताओं को पांच हजार रुपये ज्यादा करके स्मार्ट मीटर बेचे जा रहे हैं। 
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

केस एक: प्रेम नरायन तिवारी ने हुसैनगंज डिवीजन में प्रीपेड बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन किया। इंजीनियर ने इसका स्टीमेट ऑटोमैटिक जनरेट किया, जो 7568.52 रुपये का बना। इसमें लाइन चार्ज के 398 रुपये थे। सिंगल फेज प्रीपेड स्मार्ट मीटर के 6016 रुपये लिए गए, जबकि असल में इसकी कीमत 872 रुपये ही थी।

विज्ञापन


केस दो: सीजी सिटी स्थित कृतिका अपार्टमेंट निवासी नीलोफर ने जुलाई में तीन किलोवाट प्रीपेड बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन किया। इनसे भी स्मार्ट मीटर के 6016 रुपये वसूले। साथ ही इस पर 18 फीसदी जीएसटी के 1082.88 रुपये लिए गए। असल में 872 रुपये के मीटर पर जीएसटी की रकम महज 156.96 रुपये बनती थी।

हाईटेक होने का दम भरने वाली यूपी पावर कॉर्पोरेशन की आईटी सेल बिजली उपभोक्ताओं को ‘झटका’ दे रही है। इसके जिम्मेदारों की लापरवाही के चलते चार महीने से प्रीपेड कनेक्शन का 872 रुपये का स्मार्ट मीटर 6016 रुपये में बेचा जा रहा है। ये उदाहरण तो बानगी भर हैं, असल में लखनऊ में औसतन हर महीने करीब चार हजार आवेदकों को स्मार्ट मीटर के 5144 रुपये अधिक चुकाने पड़ रहे हैं।
विज्ञापन


शासन ने बहुमंजिला इमारतों व सरकारी कॉलोनियों में अब प्रीपेड मीटर से ही बिजली कनेक्शन देने के आदेश दिए हैं। कॉर्पोरेशन ने सिंगल फेज स्मार्ट मीटर की कीमत 872 रुपये तय की है। पोस्टपेड कनेक्शन में तो स्मार्ट मीटर की इतनी ही कीमत ली जा रही है, लेकिन प्रीपेड कनेक्शन में इस मीटर के 6016 रुपये जमा कराए जा रहे हैं। मध्यांचल निगम के निदेशक (वाणिज्य) योगेश कुमार ने इस खामी को स्वीकार करते हुए कार्रवाई की बात कही है।

झटपट पोर्टल का गड़बड़झाला
आईटी सेल ने घरेलू व व्यावसायिक बिजली के नए कनेक्शन के लिए झटपट पोर्टल बनाया है। इस पर आवेदन के बाद जूनियर इंजीनियर इस्टीमेट बनाते हैं। इंजीनियरों ने बताया कि स्टीमेट के लिए पोस्टपेड कनेक्शन का विकल्प भरते ही स्मार्ट मीटर की लागत 872 व प्रीपेड कनेक्शन के लिए 6016 रुपये अपने आप चार्ज हो रही है। यह सब झटपट पोर्टल की गड़बड़ी से हो रहा है। जानकारी अनुसार पहले प्रीपेड बिजली कनेक्शन के लिए सिक्योर एवं जीनस कंपनी के बटन सिस्टम का मीटर लगता था। कॉर्पोरेशन ने इसकी कीमत 6016 रुपये तय कर झटपट पोर्टल पर फीड कर दी। अभी प्रीपेड कनेक्शन पर इनर्जी इफिसियंसी सर्विस कंपनी का 872 रुपये का स्मार्ट मीटर लगाया जा रहा है, लेकिन आईटी कंपनी ने इसकी कीमत पोर्टल पर फीड ही नहीं की।

स्मार्ट मीटर एक, कीमत अलग-अलग
पावर कॉर्पोेरेशन इनर्जी इफिसियंसी सर्विस कंपनी का स्मार्ट मीटर खरीदकर बिजली कनेक्शन पर लगा रहा है। इसमें पोस्टपेड, प्रीपेड एवं नेट मीटरिंग सेवा देने की तकनीक है। कॉर्पोरेशन ये मीटर एक ही कीमत पर खरीद रही है, लेकिन जनता को पोस्टपेड एवं प्रीपेड कनेक्शन के लिए मीटर अलग-अलग कीमत में बेचे जा रहे हैं।

दूर कराएंगे आईटी सिस्टम की खामी
यूपी पावर कॉर्पोरेशन आईटी सिस्टम के निदेशक (वाणिज्य) अमित कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि खामी के कारण एक ही मीटर की पोस्टपेड एवं प्रीपेड कनेक्शन में अलग-अलग कीमत चार्ज हो रही है। आईटी सेल से बात करके इस खामी को दूर कराया जाएगा।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें