फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: बीएसए को पीटने वाले प्रधानाध्यापक निलंबित, बच्चों ने स्कूल के बाहर सिर पर बस्ता रखकर किया प्रदर्शन

Wed, 24 Sep 2025 04:26 PM IST
ishwar ashish अमर उजाला नेटवर्क, सीतापुर

सार

सीतापुर में बीएसए को पीटने वाले प्रधानाध्यापक को निलंबित कर दिया गया है। बुधवार को बच्चों ने स्कूल के बाहर खड़े होकर प्रदर्शन किया। वहीं, ग्रामीणों ने भी अन्य शिक्षकों की शिकायत की।
विज्ञापन
बच्चों ने स्कूल के बाहर सिर पर बैग रखकर किया प्रदर्शन। - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय में मंगलवार को बीएसए को प्राथमिक विद्यालय नदवा के प्रधानाध्यापक बृजेंद्र वर्मा ने बेल्ट से पीटा। बुधवार सुबह उन्हें निलंबित कर दिया गया। वहीं, इस मामले ने तूल पकड़ लिया है। बुधवार को प्राथमिक विद्यालय के बच्चों ने स्कूल के बाहर सिर पर बैग रखकर अभिभावकों के साथ प्रदर्शन किया। बुधवार को स्कूल में पढ़ाई ठप रही। उधर, सीओ सिटी विनायक भोंसले ने बताया कि प्रधानाध्यापक को हिरासत में ले लिया है। केस दर्ज कर लिया गया है। विधिक कार्रवाई की जा रही है।

विज्ञापन


बता दें कि महमूदाबाद के प्राथमिक विद्यालय नदवा के प्रधानाध्यापक बृजेंद्र वर्मा के विरुद्ध 24 जुलाई को जनसुनवाई पोर्टल पर हैलेपारा ग्राम पंचायत के फूलचंद्र सिह ने वित्तीय अनियमितता की शिकायत की। वहीं, आरटीई के तहत विद्यालय में कंपोजिट ग्रांट के आय व्यय का ब्यौरा तलब किया। इस पर बीएसए ने 26 अगस्त को प्रधानाध्यापक को पत्र जारी कर व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर जवाब देने को कहा था। सूत्रों के अनुसार यह शिकायत प्रधानाध्यापक की छवि को धूमिल करने के लिए की गई थी। इसमें प्रधानाध्यापक बेदाग निकले। इसके बाद इसी स्कूल के एक शिक्षक पर सोशल मीडिया पर राजनीतिक पोस्ट करने का आरोप लगा। इसकी शिकायत विधायक महमूदाबाद ने बीएसए से की। इस पर उस शिक्षक को निलंबित कर दिया गया। वही, स्कूल में बची एकमात्र शिक्षिका को बीएसए ने प्रतियोगी परीक्षा के उड़नदस्ते में शामिल कर दिया। यही पूरे विवाद की जड़ बना।

ये भी पढ़ें - भाजपा नेता बोले - आर्थिक सुधारों को समझने के लिए शिशु बुद्धि नहीं पीएम मोदी जैसी कुशाग्र बुद्धि चाहिए
विज्ञापन


ये भी पढ़ें - सीएम योगी बोले - जीएसटी रिफॉर्म से यूपी के व्यापारियों और ग्राहकों को हुआ सबसे अधिक लाभ
विज्ञापन


ग्रामीण सावित्री ने बताया कि मैडम मनमाने तरीके से स्कूल आती थीं। स्कूल आकर भी कुछ नहीं पढ़ाती थीं। प्रिंसिपल ने इसका विरोध कर एक नोटिस जारी की थी। इस पर बीएसए साहब नाराज थे। बीएसए साहब ने उनसे इस नोटिस को भेजने का कारण जानने के लिए आफिस बुलाया, इसके बाद फंसाकर जेल भेज दिया। सावित्री की तरह अन्य अभिभावकों ने भी शिक्षिका की मनमानी की बात कही। साथ ही स्कूल में सही ढंग से पढ़ाई की मांग की। उन्होंने बच्चों के साथ स्कूल के बाहर प्रदर्शन भी किया। इस दौरान शिक्षिका विरोधी नारेबाजी भी हुई।

बीएसए बोले- स्कूल में हो रही राजनीति
सीतापुर के बीएसए अखिलेश प्रताप सिंह ने कहा कि इस स्कूल में राजनीति हो रही है। प्रधानाध्यापक को सस्पेंड कर दिया गया है। आज एक दूसरा शिक्षक स्कूल भेजा था। ग्रामीणें ने पढ़ाने नहीं दिया। वह प्रदर्शन करते रहे। ग्रामीणों को समझाकर जल्द स्कूल में पढ़ाई शुरू कराएंगे।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें