मुजफ्फरनगर दंगे की जांच की जिम्मेदारी स्पेशल इंक्वायरी सेल के एसपी के.एन मिश्रा को दी गई है।
मिश्रा अपनी देख-रेख में इस सांप्रदायिक दंगे की जांच करेंगे। जांच के बाद वह अपनी फाइनल रिपोर्ट आईजी या डीआईजी को सौपेंगे।
सपा-भाजपा के बीच फाइनल मैच है मुजफ्फरनगर दंगा!
मुजफ्फरनगर दंगे की आग अगस्त के तीसरे हफ्ते में लगी थी और गांवों में फैली इस आग ने लगभग 48 लोगों की जान चली गई थी। रूह हिला देने वाले इस दंगे में हजारों लोग घर छोड़कर चले गए।
‘मुजफ्फरनगर दंगे के पीछे है सियासत’
जब दंगे की आंच कम हुई उसके बाद से ही सबकी निगाहें इस पर टिकीं थीं कि इसकी जांच किस टीम से कराई जाएगी। उम्मीद जताई जा रही है कि जांच जल्दी ही शुरू कर दी जाएगी।