सिपाही भर्ती परीक्षा का आरोपी रवि अत्री।
- फोटो : amar ujala
सिपाही भर्ती परीक्षा पेपर लीक कांड के दूसरे मास्टरमाइंड रवि अत्री को यूपी एसटीएफ की टीम ने बुधवार को गौतमबुद्घनगर के थाना जेवर के बस स्टैंड के पास से गिरफ्तार कर लिया है। एसटीएफ को उसके पास से तीन प्रश्न पत्र, एक मोबाइल फोन, एक पेन ड्राइव और एक मेट्रो पास बरामद हुआ है।
रवि अत्री ने सिपाही भर्ती परीक्षा के प्रश्न पत्रों को ट्रंक बॉक्स खोलकर उसमें से पेपर निकालकर लीक किया था।
ये भी पढ़ें - रामलला का सूर्य तिलक: अध्यात्म के माथे पर लगा विज्ञान का तिलक, इस तरह गर्भ गृह तक आएंगी सूर्य की किरणें
ये भी पढ़ें - टिकट से बेफिक्र चुनावी मोड में आए बृजभूषण, भाजपा से अब तक नहीं मिली हरी झंडी; स्थानीय भाजपा विधायक दूर
बता दें कि सिपाही भर्ती परीक्षा का पेपर लीक होने के बाद प्रदेश सरकार ने परीक्षा निरस्त कर दी थी और पूरे मामले की जांच यूपी एसटीएफ को सौंपी गई थीं। मामले में अब तक कई गिरफ्तारियां की जा चुकी हैं। मुख्य आरोपी राजीव नयन मिश्रा को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
एसटीएफ को सूचना मिली थी कि मामले का मुख्य आरोपी रवि अत्री जेवर थाना क्षेत्र के बस स्टेशन पर आने वाला है। इस पर एसटीएफ की टीम ने आवश्यक बल प्रयोग कर उसे बस स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया।
रवि अत्री ने बताया कि वर्ष 2006 में गौतमबुद्घनगर के एक इंटर कॉलेज से 12वीं की परीक्षा में पास होने के बाद वह मेडिकल की तैयारी के लिए कोटा, राजस्थान गया था और वहीं परीक्षा माफियाओं के संपर्क में आ गया और विभिन्न परीक्षाओं में सॉल्वर बनकर बैठने लगा।
वर्ष 2012 में नीट पीजी की परीक्षा का पेपर लीक करने के मामले में दरियागंज क्राईम ब्रांच दिल्ली से वह जेल भेजा गया था और इसी वर्ष एसबीआई की परीक्षा का पेपर आउट कराने में थाना शाहबाद डेरी, दिल्ली से जेल गया था। वर्ष 2015 में वह एआईपीएमटी का पेपर आउट कराने में थाना पीजीआईएमएस रोहतक, हरियाणा से अपने साथियों के साथ जेल गया था।