बसपा ने पश्चिमी यूपी में कई ऐसी सीटों पर दावा जताया है, जिन पर 2014 में सपा दूसरे नंबर पर थी। इनमें नगीना (सुरक्षित) सीट भी शामिल हैं जहां से मायावती के चुनाव लड़ने के कयास हैं। इसी तरह बिजनौर सीट भी बसपा चाहती है। मध्य यूपी की कुछ सीटों के साथ ही पूर्वांचल की आधा दर्जन सीटों पर भी दोनों दावे ठोक रहे हैं।
गठबंधन में अभी रालोद की भूमिका साफ नहीं है। हालांकि, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव कह चुके हैं कि रालोद कितनी सीटों पर लड़ेगा, इसे लेकर कन्फ्यूजन नहीं है। चर्चा है कि रालोद को बागपत, मुजफ्फरनगर व मथुरा सीट दी जा रही हैं। वहीं, रालोद एक और सीट चाहता है।
सियासी हल्कों में चर्चा है कि सीटों के बंटवारे में देरी के पीछे कहीं प्रियंका वाड्रा का सक्रिय राजनीति में आना तो नहीं है? फिलहाल प्रियंका इफेक्ट के आकलन के बाद उपजे हालात में कुछ सीटों में फेरबदल भी हो सकता है।