लखनऊ के सआदतगंज इलाके में सोमवार को एक निजी स्कूल के दो छात्रों द्वारा डांट से बचने के लिए खुद के अपहरण की झूठी कहानी रचने का मामला सामने आया है। पहले तो दोनों पुलिस को टहलाते रहे, लेकिन बाद में सख्ती से पूछताछ करने पर हकीकत बयां कर दी।
इंस्पेक्टर महेश पाल सिंह के मुताबिक, इलाके रहने वाले एक व्यक्ति ने बताया कि उनका 15 साल का बेटा मोअज्जमनगर में एक निजी स्कूल से नौवीं का छात्र है और पढ़ाई में कमजोर है। सुबह करीब 11.30 बजे वह घर लौटा तो उससे पूछताछ की गई।
उसने बताया कि वह कक्षा छह में पढ़ने वाले बच्चे के साथ स्कूल जा रहा था। स्कूल के पास वैन सवार पांच लोगों ने दोनों को जबरदस्ती बैठा लिया और काफी देर तक घुमाते रहे। कार जब बालागंज के पास पहुंची तो दोनों ने वैन का शीशा तोड़कर शोर मचाया और कूदकर बाहर निकल गए। इसके बाद बदमाश घबराकर वैन छोड़कर भाग निकले।