सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव को एयरपोर्ट पर रोके जाने और सांसद धर्मेंद्र यादव व कार्यकर्ताओं पर प्रयागराज में लाठीचार्ज के विरोध में सपाईयों ने राजभवन पहुंचकर विरोध दर्ज कराया। अखिलेश की प्रेस कांफ्रेंस खत्म होने के तुंरत पर योगी सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सपाईयों का हुजूम विक्रमादित्य मार्ग स्थित कार्यालय से निकलकर राजभवन की ओर कूचकर गया और गेट पर जाकर बैठ गया। नारेबाजी करते सपाईयों को अधिकारियों ने राज्यपाल के मौजूद न होने और बुधवार सुबह 10 बजे मुलाकात का समय देकर शांत कराया।
बिना किसी पूर्व सूचना के सैकड़ों की संख्या में नारेबाजी करते हुए सपा विधायक और नेताओं के अचानक सड़क पर उतरने से पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया। इससे पहले की पुलिस संभलती नारेबाजी करते सपा कार्यकर्ता राजभवन के गेट पर पहुंच गए और वहां धरना देकर नारेबाजी शुरूकर दी। अचानक हुए इस घटनाक्रम से राजभवन गेट पर तैनात सुरक्षाकर्मी भी सकते में आ गए। इसी बीच वहां सीओ हजरतगंज और इंस्पेक्टर हजरतगंज वहां पहुंच गए। राजभवन से भी अधिकारी व सुरक्षाकर्मी बाहर निकल आए। नारेबाजी कर रहे एमएलसी राजपाल कश्यप, आनंद भदौरिया को राज्यपाल के मौजूद न होने की जानकारी दी। इसके बाद भी सपा नेताओं की नारेबाजी वहां चलती रही।
कुछ देर बाद राजभवन के एक अधिकारी ने बुधवार सुबह 10 बजे राज्यपाल से मिलने का समय देकर प्रदर्शन को खत्म कराया। लगभग एक घंटे तक चले प्रदर्शन में पूर्व सांसद रमाशंकर विद्यार्थी, पूर्व मंत्री अहमद हसन, संजय लाठर, पूर्व मंत्री मनोज पांडेय सहित कई वरिष्ठ नेता और सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद थे।