सूचना आयोग के आदेशों को अपलोड नहीं करने वाले कर्मचारियों का वेतन रोका गया है। मार्च 2024 से नवंबर 2024 तक के 8158 आदेशों को एक सप्ताह में अपलोड करने का आदेश था। अपलोड करने के लिए लंबित आदेशों में 20 प्रतिशत अब तक अपलोड न होने से कार्रवाई हुई।
यूपी के लखनऊ में राज्य सूचना आयोग में सुनवाई के बाद हुए आदेशों को अपलोड करने में कोताही करने वाले कर्मचारियों पर आयोग के सचिव अभय सिंह ने कार्रवाई करते हुए उनका वेतन रोकने के आदेश दिए हैं। उन्होंने 27 दिसंबर को मार्च 2024 से नवंबर 2024 तक के 8158 आदेशों को एक सप्ताह में अपलोड करने का आदेश दिया था।
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आदेश के अनुपालन में 80 प्रतिशत तक लंबित आदेशों को अपलोड कर दिया गया लेकिन 20 प्रतिशत आदेश अभी तक नहीं अपलोड किए जा सके हैं। सचिव ने अपने आदेश में कहा है कि बचे हुए आदेशों को अपलोड करने में लापरवाही उच्च अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना भी है।
इस मामले में दोषी कर्मचारियों पर आयोग अन्य कार्रवाई भी कर सकता है। सूचना आयोग के आदेश अपलोड न होने से याचिकाकर्ता और संबंधित व्यक्तियों को परेशानी हो रही है। कई मामलों में अन्य जिलों से आए लोगों को आदेश की जानकारी नहीं मिल पाती है।