आशियाना में इलाकाई इंजीनियरों की लापरवाही से मंगलवार को एक हजार घरों एवं दुकानों की बिजली सुबह से देर रात तक बंद रही।
इससे आक्रोशित लोगों का आधी रात करीब 12 बजे लोगों गुस्सा उपकेंद्र पर फूट पड़ा।
लोगों ने बिजली संकट के विरोध में प्रदर्शन कर खूब बवाल किया, जिससे बंद बिजली को चालू करने का कार्य बाधित हो गया।
प्रदर्शनकारियों ने कॉलोनी के चालू अन्य बिजली फीडरों को जबरिया बंद करा दिया। इंजीनियरों को प्रदर्शनकारियों को नियंत्रण में करने के लिए पुलिस को बुलाना पड़ा।
आशियाना कॉलोनी के सेक्टर ‘डी’ के बड़े हिस्से में मंगलवार दोपहर एक बजे बिजली बंद हो गई। लोगों ने इसकी शिकायत उपकेंद्र से लेकर इलाकाई इंजीनियरों के मोबाइल पर की, लेकिन किसी ने बंद बिजली के कारणों की तरफ गौर न हीं किया।
लोगों को रात 9:30 बजे बताया गया कि इलाके का 990 केवीए का ट्रांसफार्मर जल गया है। इसके बाद वैकल्पिक तरीके से बिजली को चालू करने की प्रक्रिया शुरू हुई। मौके पर रात करीब 11:30 बजे ट्रांसफार्मर पहुंचा।
आधे घंटे के बाद उसको चालू करने का कार्य शुरू होने वाला था कि 90-100 लोगों ने उनका घेराव कर लिया, जिससे कर्मचारी काम छोड़ कर भाग गए। यह कर्मचारी उपकेंद्र पहुंचे तो पीछे से लोग वहां पर आ गए।
लोगों ने कॉलोनी के एक-एक करके सभी फीडर बंद करा दिए जिससे अंधेरा हो गया। उपकेंद्र पर ऑपरेटर को छोड़कर अन्य कर्मी भाग गए। इसके बाद पुलिस ने पहुंच कर लाठी फटकार करके प्रदर्शनकारियों को खदेड़ा।
इसके बाद पहले ट्रांसफार्मर को चालू करके सेक्टर डी की बिजली चालू की गई। फिर फीडर बंद होने से आपूर्ति में जो व्यवधान आया उसको बुधवार सुबह ५:३० बजे तक सामान्य कर पाए।