यमुनापार के करछना इलाके में मिर्जापुर मार्ग पर बुधवार सुबह बाइक सवार पति-पत्नी और उनके दो बच्चों को टक्कर मारने के बाद मिनी बस पलट गई। बाइक सवार चार लोगों के अलावा बस के कंडक्टर की भी हादसे में मौत के बाद वहां जुटी भीड़ ने बवाल कर दिया।
शव हटाने का विरोध करते हुए लोगों ने मिर्जापुर मार्ग और रेलवे ट्रैक पर जाम लगा दिया। पुलिस ने रोका तो भीड़ ने पथराव कर खदेड़ते हुए भीरपुर चौकी में तोड़फोड़ और आगजनी की। पथराव में एसपी, एसडीएम, सीओ समेत कई पुलिसकर्मी जख्मी हुए तो पुलिस ने फायरिंग की, जिसमें कई लोग जख्मी हुए।
बड़ी मशक्कत के बाद शाम को लोग रेलवे ट्रैक से हटे। नेताओं के समझाने पर देर शाम सड़क पर चक्काजाम खत्म हुआ। मेजा में उरूवा चपरताल गांव निवासी रामबहादुर पटेल अपनी पत्नी राजपति और बेटे अश्विनी (4), बेटी साक्षी (3) के साथ करछना के मझुआ गांव में रिश्तेदार संतलाल की बेटी के शादी समारोह में गया था।
वहां से बुधवार सुबह वह पत्नी-बच्चों के साथ बाइक पर घर के लिए रवाना हुआ। करीब पौने दस बजे वह मिर्जापुर मार्ग पर भीरपुर के निकट बरम मोडी के पास पहुंचा तभी मेजा से शहर आ रही मिनी बस ने जोरदार टक्कर मार दी। फिर बस भी बेकाबू होकर आसपास की गुमटियों तथा डीजे को रौंदते हुए पलट गई।