सूबे के पूर्व मुख्यमंत्री व वरिष्ठ कांग्रेसी नेता एनडी तिवारी के बेटे रोहित शेखर समाजवादी पार्टी से अपना राजनीतिक कॅरिअर शुरू कर सकते हैं। दरअसल तिवारी व उनकी पत्नी डॉ. उज्ज्वला ने सोमवार को मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से उनके सरकारी आवास में मुलाकात की।
इस दौरान उन्होंने अखिलेश यादव से रोहित को अपने साथ जोड़कर कुछ सिखाने के लिए कहा। हालांकि डॉ. उज्ज्वला ने ऐसी किसी बात से इन्कार करते हुए कहा, मुख्यमंत्री से यह महज एक औचारिक मुलाकात थी, जिसमें उन्होंने उपचुनाव व नवरात्र की बधाइयां दी। इसमें राजनीतिक कुछ भी नहीं था।
लेकिन ‘अमर उजाला’ से फोन पर बातचीत में वह इतना जरूर कह गई कि ऐसी किसी संभावना से इन्कार भी नहीं किया जा सकता है।
रोहित की मां डॉ. उज्ज्वला ने कहा कि एनडी तिवारी और सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव के बीच आत्मीय संबंध हैं। तिवारी भी चाहते हैं कि बेटा रोहित उनकी राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाए।
एनडी और रोहित ही करेंगे फैसला
उज्ज्वला ने कहा कि अखिलेश युवा हैं और उनके परिवार के साथ पुराने संबंध भी। इसलिए उनके सामने रोहित को राजनीतिक दांवपेंच सिखाने का प्रस्ताव रखा गया। लेकिन रोहित अपनी राजनीतिक पारी कब शुरू कर रहे हैं, इस पर डॉ. उज्ज्वला ने कुछ भी नहीं कहा।
हालांकि उन्होंने यह जरूर कहा कि इसका निर्णय एनडी और खुद रोहित को होगा। गौरतलब है कि इससे पहले भी एनडी, अखिलेश यादव से हुई मुलाकात में रोहित को अपने साथ रखकर राजनीति सिखाने का प्रस्ताव रख चुके हैं। मुख्यमंत्री से मुलाकात के दौरान उनकी पत्नी व सांसद डिम्पल यादव व सपा के प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी भी मौजूद थे।
राजनीति का नहीं, प्यार का भूखा हूं: रोहित
रोहित शेखर का कहना है कि वह प्यार के भूखे हैं, राजनीतिक के नहीं। सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव के परिवार से उनके परिवार को जो सम्मान व प्यार मिला है, वह कतई राजनीतिक नहीं है।
उन्होंने कहा, अगर वह अखिलेश के साथ जुड़ते भी हैं, तो इसका मतलब यह मतलब कतई नहीं है कि वह समाजवादी पार्टी में शामिल हो रहे हैं। वह अखिलेश के साथ केवल छोटे भाई की तरह जुड़कर सीखेंगे।