कानपुर। उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में सेवानिवृत्त इंस्पेक्टर जितेंद्र प्रताप सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। उनके खिलाफ उन्हीं के बेटे ने शिकायत की थी।
शासन के निर्देश पर विजिलेंस की टीम ने उनकी चल अचल संपत्तियों की जांच की थी, जिसमें उनके ऊपर लगाए गए आरोप सही पाए गए। सेवानिवृत्त इंस्पेक्टर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
जौनपुर के मुगरा बादशाहपुर बुढन्सापुर (कठार) निवासी जितेंद्र प्रताप सिंह वर्तमान में लखनऊ के विनीत खंड में रहते हैं। वह 2016 में इंस्पेक्टर के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। वर्ष 2023 में उनके बेटे ने उनकी शिकायत की थी।
शासन के आदेश पर 25 फरवरी 2023 को कानपुर विजिलेंस यूनिट को रिटायर इंस्पेक्टर की संपत्तियों की जांच मिली। इसमें पता चला कि जितेंद्र ने नौकरी से एक करोड़, 68 लाख, 47 हजार, 924 रुपये की आय हुई थी, जबकि खर्च दो करोड़, 74 लाख, 14 हजार, 817 रुपये किए। उन्होंने आय से एक करोड़, पांच लाख, 66 हजार, 893 रुपये अधिक खर्च किए।
एडिशनल एसपी पुत्तूराम ने बताया कि जब उन्होंने सेवानिवृत्त इंस्पेक्टर से जवाब मांगा तो वह संतोषजनक जवाब नहीं दे सके, जिसकी रिपोर्ट बनाकर उन्होंने शासन में भेज दी थी। वहां से आदेश मिलने के बाद विजिलेंस थाने में रिटायर्ड इंस्पेक्टर के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम में एफआईआर दर्ज कराई गई है। मामले में आगे विवेचना कर कार्रवाई की जाएगी।