लखनऊ। राजकीय पॉलीटेक्निक में होने वाली प्रयोगात्मक परीक्षाओं की अब नियमित रिकॉर्डिंग की जाएगी। यह रिकॉर्डिंग संस्थान के पास सुरक्षित रहेगी और जरूरत पड़ने पर परिषद को भी उपलब्ध करानी अनिवार्य होगी। परिषद ने स्पष्ट किया है कि प्रयोगात्मक परीक्षा के अंक दो दिनों के भीतर परिषद की वेबसाइट पर अपलोड करना जरूरी है, अन्यथा संबंधित विद्यार्थी को अनुपस्थित माना जाएगा।
बीते छह दिसंबर को डिप्लोमा इंजीनियरिंग के विषम सेमेस्टर की मुख्य परीक्षा समाप्त हुई है। इसके बाद प्रयोगात्मक परीक्षाएं 24 दिसंबर तक कराई जाएंगी। परिषद ने इसके लिए औपचारिक आदेश भी जारी कर दिए हैं।
आदेश के अनुसार, विशेष बैक पेपर की प्रयोगात्मक परीक्षा संबंधित संस्था और नियुक्त परीक्षक की निगरानी में होगी। परीक्षक ही परिषद के लॉगइन के माध्यम से ऑनलाइन अंक दर्ज करेंगे। सभी प्रयोगात्मक परीक्षाएं सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में होंगी। रिकॉर्डिंग को संस्थान के प्रधानाचार्य/निदेशक ड्राइव में सुरक्षित रखेंगे। आवश्यकता पड़ने पर यह रिकॉर्डिंग परिषद को भेजनी होगी।
परिषद ने यह भी स्पष्ट किया है कि केवल उन्हीं विषयों के बैक पेपर कराए जाएंगे जो विषय विषम सेमेस्टर 2025-26 में संचालित हैं। उनकी प्रयोगात्मक परीक्षाएं नियुक्त विषय-विशेषज्ञ परीक्षक की उपस्थिति में ही संपन्न कराई जाएंगी।