भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश के लोकसभा चुनाव पर पूरा ध्यान केंद्रित कर दिया है। संगठन के माहिर समझे जाने वाले पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रमापति राम त्रिपाठी को चुनाव प्रबंधन समिति की बागडोर सौंपी गई है।
वह राष्ट्रीय स्तर पर नरेंद्र मोदी की अगुवाई वाली चुनाव प्रबंधन समिति के दिशा निर्देशन में काम करेंगे। पिछले दिनों दिल्ली भाजपा चुनाव प्रबंधन समिति की बैठक में तय हुआ था कि यूपी में उसी तर्ज पर चुनाव प्रबंधन किया जाए जैसे दिल्ली में हो रहा है।
इस पर निगरानी भी केंद्रीय नेतृत्व ही रखेगा। सोमवार को प्रदेश अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष पद पर डॉ. रमापति राम त्रिपाठी की नियुक्ति कर दी।
डॉ. रमापति राम भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रह चुके हैं। वह 1996 से 2007 तक प्रदेश महामंत्री (संगठन) रहे। आमतौर पर भाजपा में महामंत्री (संगठन) के पद पर आरएसएस के किसी प्रचारक की नियुक्ति की जाती है।
रमापति राम संघ प्रचारक न होते हुए भी सबसे लंबे समय तक इस पद पर रहे। लोकसभा चुनाव से ठीक पहले उन्हें चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष पद की अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। गोरखपुर से ताल्लुक रखने वाले रमापति राम पूर्वांचल के साथ ही पश्चिमी यूपी और बुंदेलखंड पर भी पकड़ रखते हैं।