सपा के राजेन्द्र चौधरी ने कहा कि सपा सरकार जब भी जनता से जुड़ाव का आयोजन करती है, विपक्षियों को परेशानी होने लगती है।
रणवीर सिंह स्मृति सैफई महोत्सव में ग्रामीण अंचल की प्राचीन कला और संस्कृति को अक्षुण रखने के कार्यक्रम होते है।
समझ में नहीं आता है कि सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की योजना पर विपक्ष को क्या दिक्कत हो रही है।
संस्कृति कला को नए आयाम मिले
चौधरी ने कहा, सपा समग्र समावेशी विकास के लिए प्रतिबद्ध है। मुलायम सिंह यादव ने अपने मुख्यमंत्री काल में आंचलिक कला और संस्कृति के उत्थान के लिए प्रत्येक जनपद एवं सैफई महोत्सव की शुरूआत की थी। इससे कला-संस्कृति को नए आयाम मिले हैं।
उन्होंने कहा कि स्कूली बच्चों की सांस्कृतिक प्रतिस्पर्धा के अलावा दंगल, बैडमिंटन, बालीबाल के टूर्नामेंट भी होते हैं।
इस बहाने स्थानीय और जनपद की जनता भी कलाकारों की कला से परिचित होती है। खेलकूद के विकास पर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का विशेष ध्यान रहता है।
सैफई महोत्सव के पहले दिन ओलंपिक पदकवीरों विजय कुमार, गगन नारंग, शटलर सायना नेहवाल, पहलवान सुशील कुमार तथा योगेश्वर दत्त का सम्मान कर 50 और 25 लाख रुपये से पुरस्कृत कर स्वस्थ परंपरा का निर्वहन किया गया।
प्रदेश के इस बढ़ते कदम पर विपक्ष की आलोचना उनकी संकीर्ण मानसिकता का द्योतक और विरोध केे नाम पर अलोकतांत्ऱिक आचरण का परिचायक है।