बिजली कंपनियों ने बीपीएल बिजली उपभोक्ताओं के बिजली खर्च की सीमा 100 यूनिट तक रखी गई थी, जिसे घटाकर 50 यूनिट किए जाने का प्रस्ताव किया गया है जो उनके हक पर कुठाराघात है।
उन्होंने ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा से हस्तक्षेप की मांग करते हुए कहा कि, बिजली दरों में वृद्धि के प्रस्ताव को वापस कराएं, अन्यथा पूरे प्रदेश में टकराव की स्थिति उत्पन्न हो जाएगी।