उप्र राज्य कर्मचारी महासंघ 12 सितंबर को विधान सभा के समक्ष
धरना देगा। इसमें महासंघ से जुड़े विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी शामिल
होंगे। उत्तर प्रदेश सरकार की उपेक्षा से परेशान कर्मचारी नेताओं ने यह कदम
उठाया है।
कर्मचारी नेताओं ने कहा कि सरकार के डेढ़ साल के कार्यकाल में
कर्मचारियों की एक भी समस्या हल नहीं हुई है। इसी को लेकर अब कर्मचारी
संगठन सड़क पर उतरने जा रहे हैं।
सोमवार को
आयोजित पत्रकार वार्ता में राज्य कर्मचारी महासंघ के प्रांतीय अध्यक्ष
कमलेश मिश्र ने प्रदेश सरकार पर कर्मचारियों की उपेक्षा का आरोप लगाया है।
केंद्र के समान किराया, मकान, परिवहन व शिक्षा भत्ता प्रदेश के कर्मियों को
नहीं मिल रहा है। नई पेंशन व्यवस्था को खत्म करने की कोई कार्रवाई नहीं की
गई।
यूपी फेडरेशन ऑफ मिनिस्टीरियल
सर्विसेज की प्रांतीय अध्यक्ष राधारानी श्रीवास्तव व महामंत्री एसपी सिंह
ने कहा कि ज्येष्ठता के आधार पर कर्मचारियों को मिलने वाली पदोन्नति में भी
सरकार ने तकनीकी पेंच लगा दिए हैं।
पत्रकार वार्ता में महासंघ के संरक्षक
लल्लन पांडेय, मीडिया प्रभारी सीपी श्रीवास्तव भी उपस्थित थे।