प्रदेश सरकार ने दूसरे चरण में 9.60 लाख प्रवासी श्रमिकों को 1000-1000 रुपये की सहायता देने की तैयारी कर ली है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का समय मिलते ही इनके खाते में रकम ट्रांसफर कराने की योजना है। मुख्यमंत्री योगी ने कोविड-19 महामारी के कारण दूसरे राज्यों से रोजी-रोजगार छोड़कर घर लौटे प्रवासी श्रमिकों के परिवारों को 1000-1000 रुपये की सहायता देने का का एलान किया था।
पहले चरण में 10.48 लाख श्रमिक परिवारों के खाते में 1000-1000 रुपये का भुगतान किया जा चुका है। दूसरे चरण में श्रमिकों के रजिस्ट्रेशन का काम चल रहा था। इन्हें पिछले महीने ही भुगतान की तैयारी थी। लेकिन, सरकार को फीडबैक मिल रहा था कि काफी श्रमिक अपने कार्यस्थल लौट गए हैं। इसके बाद ऐसे श्रमिकों के नाम सूची से निकालने का आदेश दिया गया।
अब ऐसे श्रमिकों की सूची फाइनल हो गई है जिन्हें अब तक सहायता राशि नहीं मिली है और वे अपने घरों पर ही रुके हुए हैं। ऐसे श्रमिकों की संख्या 9 लाख 60 हजार से अधिक बताई जा रही है। राहत आयुक्त संजय गोयल ने बताया कि श्रमिकों के खाते में डीबीटी के जरिए राशि हस्तांतरित करने की तैयारी लगभग पूरी है।
अगले सप्ताह किसी तिथि में रकम हस्तांतरित हो सकती है। वहीं, अपर मुख्य सचिव राजस्व रेणुका कुमार ने बताया कि बैंक खाते की क्रॉस चेकिंग कराई जा रही है। दो-तीन दिन में यह काम पूरा हो जाएगा। सूत्रों ने बताया कि रकम हस्तांतरण के लिए मुख्यमंत्री से समय मांगा गया है। इसके बाद भुगतान की कार्यवाही कराई जाएगी।