यूपी में पावर कॉरपोरेशन ने मंगलवार की शाम मुख्य अभियंता और अधीक्षण अभियंता को लापरवाही बरतने पर पद से हटा दिया। वहीं एक मुख्य अभियंता सहित 10 अधीक्षण अभियंताओं को चेतावनी दी गई। राजस्व वसूली कम होने और बिजली हानियां ना रोक पाने पर करवाई की गई।
राजस्व वसूली कम करने और बिजली हानियां नहीं रोक पाने के आरोप में बरेली के मुख्य अभियंता पीके सिंह और कन्नौज के अधीक्षण अभियंता नंदलाल को पद से हटा दिया गया है। दोनों को मुख्यालय से संबद्ध किया गया है। 10 अन्य अभियंताओं को कड़ी चेतावनी भी दी गई है। यह कार्रवाई पावर कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार गोयल ने की। वे मंगलवार को विद्युत व्यवस्था और राजस्व वसूली की समीक्षा कर रहे थे।
स्पष्टीकरण भी मांगा गया
कम राजस्व वसूली पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने मातहतों के पेंच कसे। औरैया और कन्नौज में लाइन हानियां 48 फीसदी तथा राजस्व वसूली कम होने पर मुख्य अभियंता कानपुर-2 एएन गुप्ता को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। देवीपाटन और गोरखपुर के मुख्य अभियंता और बदायूं के अधीक्षण अभियंता से भी स्पष्टीकरण मांगा गया है। बदायूं, मेरठ-2, गजरौला, कानपुर-2, बांदा, सीतापुर के अभियंताओं को स्थिति में सुधार लाने की चेतावनी दी गई है।
अभियान चलाकर घर-घर जांच करें
विभिन्न क्षेत्रों में चल रहे विद्युत कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए थर्ड पार्टी जांच के भी निर्देश दिए गए। डॉ. गोयल ने निर्देश दिया कि जहां लाइन हानियां कम नहीं हो रही हैं, वहां अभियान चलाकर घर-घर जांच करें। ट्रांसफार्मर ओवर लोडिंग पूरी तरह खत्म कर राजस्व वसूली बढ़ाएं। उन्होंने बिजली चोरी रोकने, सही एवं सबको बिल वितरण करने के भी निर्देश दिए। इस दौरान प्रबंध निदेशक पंकज कुमार भी मौजूद रहे।