फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: नये साल पर जश्न नहीं विरोध करेंगे बिजली कर्मचारी, हजार करोड़ का कर्ज कम करने पर भी पीपीपी की लटकी तलवार

Wed, 25 Dec 2024 08:25 AM IST
ishwar ashish अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

बिजली कर्मचार एक जनवरी को बांह पर काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। निजीकरण के खिलाफ अब अभियंता संघ और पावर आफिसर्स एसोसिएशन एक मंच पर आ गया है।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पूर्वांचल और दक्षिणांचल को निजी हाथों में देने को लेकर अभियंता व अन्य बिजली कर्मी निरंतर विरोध करेंगे। वे एक जनवरी को बांह में काली पट्टी बांध कर कार्य करेंगे। शाम को अपने- अपने कार्यालयों में बैठक कर निजीकरण के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे।

विज्ञापन


निजीकरण को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शन में अब अभियंता संघ और पावर आफिसर्स एसोसिएशन एक मंच पर आ गया है। मंगलवार को एसोसिएशन की बैठक में तय किया गया कि एक जनवरी 2025 को पूरे प्रदेश के दलित व पिछड़े वर्ग के अभियंता बांह पर काली पट्टी बांधकर विरोध जताएंगे। इस दौरान उपभोक्ताओं को किसी तरह की समस्या नहीं आने देंगे। एसोसिएशन के कार्यवाहक अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा, अनिल कुमार, आरपी केन, बिंदा प्रसाद, एके प्रभाकर, अजय कुमार, विनय कुमार, सुशील कुमार वर्मा, बनवारी लाल आदि मौजूद रहे।

कर्ज घटाया हजार करोड़, फिर भी पीपीपी की लटकी तलवार
पूर्वांचल और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम ने अपना कुल कर्ज करीब एक हजार करोड़ रुपया कम किया है। इसके बाद भी इन्हें निजी हाथों में दिया जा रहा है। इस पर उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने आपत्ति जताई है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से पूरे दोनों निगमों की स्थितियों का निर्धारण करने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन


ऊर्जा मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक अप्रैल 2022 से मार्च 2023 के बीच देश के निगमों में पूर्वांचल व दक्षिणांचल की हिस्सेदारी (इक्विटी) करीब 6500 करोड़ है। देश में जिन निगमों ने अपना कर्ज करीब एक हजार करोड़ तक कम किया है, उनमें यह दोनों निगम शामिल हैं। राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि जिन निगमों का लगातार कर्ज कम होरहा है, उससे स्पष्ट है कि उनमें भविष्य में सुधार होना है।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें