नमो के अपहरण केे मुुख्य आरोपी सूरज पांडेय ने स्क्रिप्ट तो बहुत ही सोच समझकर तैयार की। मगर अपहरण में खुद के परिवार की कार का इस्तेमाल किया। इधर सीसीटीवी फुटेज छवि ने नमो के घर पर जिस नंबर से फोन किया। उसके सीडीआर ने सूरज की पूरी स्क्रिप्ट बेकार साबित कर दी और पुलिस के चंगुल में फंस गए।
करनैलगंज के गाड़ी बाजार के रहने वाले राजेश गुप्ता के पौत्र नमो गुप्ता पुत्र हरी गुप्ता का अपहरण करने वाले सूरज पांडेय, उसकी पत्नी छवि पांडेय, छोटे भाई राजा, उमेश यादव व दीपू कश्यप की पुलिस ने हिस्ट्रीशीट खोलने की तैयारी की है। पांचों अभियुक्तों के बैकग्राउंड का पता लगाया जा रहा है।
सूरज, राजा, उमेश व दीपू के आपराधिक रिकॉर्ड जनपद के सभी थानों के साथ ही पड़ोसी जनपदों में जहां उनका आना-जाना व संपर्क हैं की तलाश पुलिस ने शुरू कर दी है। इसके साथ ही छवि की हिस्ट्री के लिए उन्नाव के शुक्लागंज की मिश्रा कालोनी में पुलिस ने पड़ताल शुरु कर दी है। पांचों अभियुक्तों की हिस्ट्री तलाशने के बाद सभी की हिस्ट्रीशीट खुलेगी और एनएसए लगाया जाएगा।
पान मसाला व्यवसायी राजेश गुप्ता के पौत्र नमो गुप्ता पुत्र हरी गुप्ता का अपरहरण करने वालो सूरज पांडेय निवासी शाहपुर थाना परसपुर करनैलगंज तहसील के एक अधिवक्ता के यहां मुंशी का काम करता था। करनैलगंज के सकरौरा मोहल्ले में किराए के एक मकान में रहता था।
यहीं से हररोज तहसील उसका आना-जाना था। यहीं रहकर उसने अपने छोटे भाई राजा,पत्नी छवि पांडेय, उमेश यादव निवासी सकरौरा व दीपू कश्यप निवासी सोनवारा करनैलगंज के साथ मिलकर नमो के अपहरण की स्क्रिप्ट तैयार की और उसे अपहृत कर लिया।
नमो अपहरण कांड के मुख्य आरोपी सूरज पांडेय समेत पांचों अभियुक्तों की हिस्ट्रीशीट खोली जाएगी। इसके साथ ही सभी अभियुक्तों के खिलाफ एनएसए की कार्रवाई की जाएगी। मुख्य आरोपी सूरज की पत्नी छवि की हिस्ट्री खंगालने के लिए पुलिस टीम उसके पिता के घर उन्नाव भेजी गई है। टीम छवि की हिस्ट्री की पड़ताल कर रही है। - डॉ. राकेश सिंह, डीआईजी देवीपाटन मंडल