लखनऊ। पारा-जलालपुर फ्लाईओवर के अंतर्गत बनने वाले 185 मीटर लंबे रेलवे पुल का निर्माण जनवरी से शुरू होगा। सेतु निगम ने इस पुल का ठेका 39 करोड़ 75 लाख रुपये का दिया है। फिलहाल पुल की डिजाइन तैयार की जा रही है, जिसे मंजूरी के लिए रेलवे को भेजा जाएगा। रेलवे से स्वीकृति मिलने के बाद निर्माण कार्य शुरू होगा। पुल को पूरा होने में करीब छह माह का समय लगेगा।
सेतु निगम मुख्यालय के अधिकारियों के अनुसार, आलमबाग-उतरेठिया-काकोरी रेलवे लाइन पर पुल निर्माण के लिए अगस्त में टेंडर निकाला गया था। टेंडर फाइनल करने के बाद अक्तूबर में ठेकेदार को कार्यादेश सौंप दिया गया है। डिजाइन को अंतिम रूप देने में लगभग दो सप्ताह का समय और लगेगा।
रिटेनिंग वॉल का काम तेज
फ्लाईओवर के राजाजीपुरम साइड पर रिटेनिंग वॉल का निर्माण तेजी से चल रहा है। इसके साथ-साथ दोनों ओर सड़क और नालियों का निर्माण भी किया जाएगा। वॉल तैयार होने के बाद उसमें मिट्टी भराई कराई जाएगी। उधर, लोक निर्माण विभाग जिला प्रशासन के सहयोग से प्रभावित लोगों की जमीन का अधिग्रहण करने की तैयारी में जुटा है। जमीन का मुआवजा तय करने की प्रक्रिया फिलहाल जारी है।
केसरीखेड़ा फ्लाईओवर में रेलवे बना रोड़ा, सिग्नल और केबल लाइन न हटने से दो पिलर की पाइलिंग अटकी
सेतु निगम केसरीखेड़ा फ्लाईओवर के अधूरे हिस्से को पूरा करने में जुटा है, लेकिन रेलवे की देरी से काम रुक-रुककर अटक रहा है। रेलवे क्रॉसिंग के ऊपर बनने वाले ओवरहेड हिस्से को जोड़ने के लिए चार पिलर तैयार होने हैं, जिनमें से दो की पाइलिंग अब तक नहीं हो सकी है। मुख्यालय के अधिकारियों ने बताया कि जिन स्थानों पर पाइलिंग होनी है, वहां रेलवे के सिग्नल और केबल लाइन बिछी हुई है। जब तक इन्हें शिफ्ट नहीं किया जाता, खोदाई संभव नहीं है। सेतु निगम के इंजीनियरों ने रेलवे से बार-बार केबल शिफ्ट करने का अनुरोध किया है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। सेतु निगम के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि रेलवे ने अगले हफ्ते तक सिग्नल और भूमिगत केबल लाइन को हटाने का आश्वासन दिया है।
पारा-जलालपुर फ्लाईओवर।
पारा-जलालपुर फ्लाईओवर।
पारा-जलालपुर फ्लाईओवर।