पंखुरी पाठक ने समाजवादी पार्टी को अनुशासन व संगठन विहीन करार देते हुए पार्टी नेतृत्व को चाटुकारों के चंगुल से बाहर निकलने की सलाह दी। अपने खिलाफ की जा रही टिप्पणी पर जवाब देते हुए पंखुरी ने कहा कि जो बात मैं कह रही हूं, वही शिवपाल यादव और नेताजी भी कह रहे हैं तो जितनी टिप्पणी मुझपर की की जा रही हैं उतनी ही उन पर भी की जानी चाहिए।
पंखुरी पाठक ने बिना नाम लिए सपा की कुछ महिला नेताओं पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मुझे टारगेट करके कुछ लोगों ने नेता बनना चाहा और अभी भी कर रहे हैं। उन्हें नसीहत देते हुए पंखुरी पाठक ने कहा कि सिर्फ फेसबुक ट्वीटर पर टिप्पणी करके नेता नहीं बन पाएंगे।