पूर्व मुख्यमंत्री मायावती के बंगले के सामने निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज के रास्ते की आखिरी रुकावट भी दूर हो गई। बुधवार को रेलवे ने अपने हिस्से का काम भी सेतु निगम को सौंप दिया।
अब तक 60 फीसदी काम पूरा कर चुके निगम की योजना अगले 110 दिन में निर्माण कार्य पूरा करने लेने की है।
अखिलेश सरकार ने कुछ महीनों पहले लखनऊ-रायबरेली रोड पर बसपा सुप्रीमो मायावती के घर के सामने रेलवे ओवरब्रिज को मंजूरी दी थी।
इस योजना पर मायावती ने सख्त ऐतराज जताया था, लेकिन सपा सरकार ने अपना फैसला नहीं बदला।
सरकार ने तर्क दिया कि वहां रेल फाटक पर आए दिन लगने वाले जाम से छुटकारे के लिए इस ओवरब्रिज का निर्माण जरूरी है।
इसके साथ ही सेतु निगम ने अपने हिस्से की 655.94 मीटर का काम शुरू भी कर दिया। लेकिन, रेलवे ने लाइन के ऊपर काम शुरू नहीं किया।
तब सेतु निगम ने यह काम भी अपने हाथ में लेने के लिए उत्तर रेलवे के दिल्ली स्थित मुख्यालय बड़ौदा हाउस को पत्र लिखा था। रेलवे ने 11 मार्च को यह काम सेतु निगम से कराने की सहमति दे दी।
बड़ौदा हाउस के चीफ इंजीनियर ललित कपूर का यह पत्र बुधवार को सेतु निगम मुख्यालय को मिला। इसमें कहा गया है कि क्रॉसिंग नंबर 214 पर रेलवे के हिस्से का काम भी सेतु निगम को दे दिया गया है।
निगम के प्रबंध निदेशक राजेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि अब अगले 110 दिन में ओवर ब्रिज का निर्माण पूरा हो जाएगा।