सपा प्रवक्ता राजेन्द्र चौधरी ने विपक्षी दलों पर रचनात्मक भूमिका निभाने के बजाय विध्वंस और विरोध की राजनीति करने का आरोप लगाया है।
उन्होंने कहा, प्रदेश में हर दिन विकास की एक नई मंजिल बन रही है। मुख्यमंत्री अखिलेश ने पहले प्रशासन को चुस्त-दुरुस्त बनाया फिर बसपा सरकार के दमघोंटू वातावरण को समाप्त कर लोकतंत्र की नई बयार बहने दी।
लेकिन प्रदेश के विकास में भागीदारी करने से विपक्षी दल दूर-दूर खड़े नजर आते हैं। उन्हें विकास की गतिविधियां दिखाई नहीं देती।
भाजपा को बताना चाहिए कि केंद्र में उसकी सरकार है और प्रदेश से उसके 73 सांसद होने के बावजूद बेमौसम बरसात के शिकार किसानों को राहत के नाम पर क्या मदद दी गई?
कांग्रेस भी सपा के खिलाफ आंदोलन करने जा रही है। उसके विरोध प्रदर्शन का अर्थ फासिस्ट ताकतों को बढ़ावा देना होगा।