राज्य कर विभाग कार्यालय लाकर कार्रवाई की
कार्रवाई के दौरान पकड़ी गई बसों में राज ट्रैवेल्स, एनकेबी स्मार्ट बस, मेट्रो बस, न्यू इंडिया, सोनिया, रिलैक्स हॉलीडे, आईटीसी ट्रैवेल्स और महालक्ष्मी ट्रैवेल्स की बसें शामिल हैं। इनमें से कुछ बसें बिहार, असम और उत्तर प्रदेश में पंजीकृत हैं। विभाग के अनुसार सभी नौ बसों को हजरतगंज स्थित राज्य कर विभाग कार्यालय लाकर कार्रवाई की गई।
राज्य कर विभाग के अधिकारियों का कहना है कि कुछ बस संचालक यात्री परिवहन की आड़ में व्यापारिक माल ढोकर कर चोरी कर रहे हैं। इससे सरकार को राजस्व की हानि होती है और वैध तरीके से कारोबार करने वाले व्यापारियों के साथ भी परेशानियां पैदा होती है। ऐसे मामलों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए दोनों विभागों का संयुक्त अभियान आगे भी जारी रहेगा।
संदिग्ध वाहनों को रोका और दस्तावेजों का सत्यापन किया
अभियान का नेतृत्व राज्य कर विभाग के लखनऊ जोन प्रथम के अपर आयुक्त ग्रेड-2 (विवेचना एवं अनुश्रवण) मनोज कुमार विश्वकर्मा तथा लखनऊ जोन द्वितीय के अपर आयुक्त ग्रेड-2 (विवेचना एवं अनुश्रवण) अमरेश त्रिपाठी ने संयुक्त रूप से किया। अभियान में लखनऊ जोन की सभी पांच सचल दल इकाइयों को लगाया गया था।
परिवहन विभाग की ओर से संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) प्रभात पांडेय के निर्देशन में सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) आस्था बंसल तथा अन्य अधिकारियों ने भी अभियान में भाग लिया। सचल दल की विभिन्न इकाइयों ने अलग-अलग स्थानों पर बसों की जांच कर संदिग्ध वाहनों को रोका और दस्तावेजों का सत्यापन किया।