जेल से मरीज को नहीं लाना पड़ेगा केजीएमयू
केजीएमयू के ट्रॉमा सेंटर से जिला जेल में भर्ती मरीजों को ऑनलाइन चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसकी तैयारी पूरी हो गई है। केजीएमयू ने जेल प्रशासन को इसकी जानकारी दे दी है। अब जेल प्रशासन अधिकृत रूप से इसका उद्घाटन कराने की तैयारी में है।
केजीएमयू के ट्रॉमा सेंटर में हेल्थ राडार सिस्टम लगाया गया है। इस पर करीब छह करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। इसके जरिए गोखरपुर और बस्ती मंडल के सात जिलों को भी ऑनलाइन जोड़ा जा रहा है। केजीएमयू प्रशासन का दावा है कि उनके स्तर पर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जिला जेल से मरीजों को केजीएमयू लाने में सुरक्षा कारणों से काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। जिला जेल में बने टेली मेडिसिन कें द्र के केजीएमयू से जुड़ जाने से मरीजों को तत्काल इलाज मिल सकेगा।
इस तरह करेगा काम
ट्रॉमा सेंटर में बने केंद्र में जेल से मैसेज भेजा जाएगा। यहां के चिकित्सक स्क्रीन पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग भी कर सकेंगे और ऑनलाइन मेसेज के जरिए भी परामर्श दे सकेंगे। इस पोर्टल पर मरीज को दी जाने वाली दवाएं, जांच रिपोर्ट आदि मौजूद रहेंगी। यदि मरीज की स्थिति नियंत्रित नहीं होती है तो वहां से ट्रॉमा के लिए डिस्चार्ज किया जाएगा। इससे पहले ही मरीज के लिए ट्रॉमा में बेड आरक्षित कर दिया जाएगा।