छह मई के मतदान में आधी आबादी की हिस्सेदारी बढ़ाने को प्रशासन ने पहल की है। इसके तहत हर विधानसभा क्षेत्र में महिला मतदाताओं को फीलगुड कराने के लिए पिंक बूथ बनेगा। यहां महिलाएं ही वोट डाल सकेंगी।
बूथ पर पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी प्रथम द्वितीय व तृतीय संग चतुर्थ श्रेणी कर्मी सभी गुलाबी साड़ी में रहेंगी। इन बूथों की सुरक्षा भी महिला जवान संभालेंगी। यह जानकारी जिला निर्वाचन अधिकारी व डीएम कौशल राज शर्मा ने दी।
उन्होंने बताया कि महिला सशक्तीकरण के उद्देश्य से हर विस क्षेत्र में चिह्नित मतदान केंद्र के एक बूथ को बतौर पिंक बूथ विकसित किया गया है। चिह्नित नौ पिंक बूथों पर महिला पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी प्रथम, द्वितीय और तृतीय के बतौर 12 टोलियां तैनात होंगी।
डीएम ने बताया कि जो महिला या पुरुष कर्मी मतदान कार्मिकों की ट्रेनिंग के दौरान पोस्टल बैलेट से मताधिकार कर चुके होंगे, वोटर लिस्ट में उनके नाम के आगे पीबी अंकित होगा। पिंक बूथों पर मदद को मतदान सहेली भी तैनाती होगी। इन बूथों के चयन में उन्हें प्राथमिकता पर रखा गया, जहां मतदान करने वालों में महिला वोटरों की संख्या पुरुषों से ज्यादा चिह्नित हुई।
इन केंद्रों पर अलग से दिखेंगे पिंक बूथ
राजेंद्रनगर स्थित नवयुग डिग्री कॉलेज, हजरतगंज स्थित अवध गर्ल्स डिग्री कॉलेज, राजाजीपुरम स्थित पंडित दीनदयाल कन्या डिग्री कॉलेज, राजाजीपुरम स्थित सेंट जेम्स मिशन स्कूल, मलिहाबाद नगर पंचायत कार्यालय मतदान केंद्र, काकोरी नगर पंचायत कार्यालय केंद्र, बीकेटी के मकदूमपुर प्राथमिक विद्यालय केंद्र, जानकीपुरम विस्तार स्थित दिल्ली पब्लिक स्कूल केंद्र, सदरौना प्राथमिक विद्यालय केंद्र और पीजीआई के फैकल्टी क्लब केंद्र के एक-एक बूथ को बतौर पिंक बूथ तैयार किया गया है।
आपत्ति पर घूंघट हटाकर फोटो का मिलान
डीएम ने बताया कि पिंक बूथों पर तैनात मतदान अधिकारी प्रथम का काम होगा कि वोटर की पहचान मतदाता सूची से करे तथा उसकी भाग संख्या और क्रमांक नोट करें। यदि कोई पोलिंग एजेंट किसी घूंघट या पर्दानशीं की पहचान को लेकर आपत्ति दर्ज कराता है तो मतदान अधिकारी उसका घूंघट या हिजाब हटाकर मतदाता सूची में दर्ज फोटो से मिलान करेगा।