दंगे में लोगों को भावना भड़काने और उन्हें हिंसा के लिए उकसाने के आरोपी भाजपा विधायक संगीत सोम और सुरेश राणा पर रासुका की कार्यवाही के मामले में एडवाइजरी बोर्ड ने एक बार फिर मुजफ्फरनगर के डीएम-एसएसपी और गिरफ्तार विधायकों को सुनवाई के लिए तलब किया है।
सुनवाई की तारीख 22 अक्तूबर नियत की गई है। जानकारों के मुताबिक डीएम और एसएसपी से विधायकों द्वारा दिए गए उत्तेजक व भड़काऊ बयान की सीडी भी तलब की गई है।
आईजी कानून-व्यवस्था ने एडवाइजरी बोर्ड द्वारा मुजफ्फरनगर के अधिकारियों और गिरफ्तार विधायकों को आगामी 22 अक्तूबर को तलब किए जाने की पुष्टि की।
इससे पहले दोनों पक्षों को नौ अक्तूबर, 2013 को इस मामले में पहली सुनवाई पर उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ के वरिष्ठ न्यायमूर्ति उमानाथ सिंह, अवकाश प्राप्त न्यायमूर्ति एसएन सहाय और न्यायमूर्ति खेमकरन के बोर्ड के सामने पेश किया गया था।
बोर्ड ने आरोपियों का पक्ष सुनने के बाद जिले के डीएम व एसएसपी का पक्ष जाना था। लेकिन कोई फैसला नहीं दिया था। अधिकारियों के मुताबिक दोनों विधायकों को तय समय पर कड़ी सुरक्षा के बीच यहां लाया जाएगा।