लखनऊ। संस्कृत से सिविल सर्विसेज की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों के लिए अच्छी खबर है। वे विज्ञान, वाणिज्य, कला, सामाजिक विज्ञान जैसे विषयों को अब संस्कृत भाषा में भी पढ़ सकेंगे। संस्कृत विश्वविद्यालय की पहल पर इन विषयों का संस्कृत में अनुवाद करने की प्रकिया शुरू कर दी गई। जल्द ही विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा।
संस्कृत विश्वविद्यालय की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार, ऐसे विद्यार्थी जिन्हें संस्कृत भाषा की अच्छी जानकारी व ज्ञान हो और अंग्रेजी, हिंदी की किताबें संस्कृत में अनुवाद करने का कौशल हो, वे इस मुहिम में शामिल हो सकते हैं। विश्वविद्यालय इसके लिए उचित मानदेय भी देगा।
विश्वविद्यालय के निदेशक प्रो. सर्व नारायण झा ने बताया कि संस्कृत भाषा में पुस्तकों के अनुवाद की परियोजना शुरू की गई है। इसके तहत संस्कृत भाषा को बढ़ावा देने के साथ ही विज्ञान, कला, अग्रेजी, हिंदी व अन्य विषयों का संस्कृत में अनुवाद कर छात्रों को मुहैया कराया जाएगा, ताकि संस्कृत के विद्यार्थियों को ज्यादा से ज्यादा लाभ मिल सके। उन्होंने बताया कि अनुवाद के इच्छुक विद्यार्थी विश्वविद्यालय की वेबसाइट के जरिये आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के आधार पर जुलाई में एक कार्यशाला होगी।