लखनऊ। विश्वविद्यालय व कॉलेजों में पढ़ रहे विद्यार्थी अब आधार नंबर के ऑनलाइन वेरीफिकेशन के बाद ही दशमोत्तर छात्रवृत्ति व शुल्क प्रतिपूर्ति का लाभ ले सकेंगे। आधार नंबर से लिंक मोबाइल नंबर पर ओटीपी भेजकर इसका सत्यापन किया जाएगा। इसके बाद ही विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति का लाभ मिलेगा। इसे देखते हुए विद्यार्थियों को 10 जून तक अपने आधार कार्ड अवश्य बनवा लेने का निर्देश भी दिया गया है।
पिछले वर्षों में छात्रवृत्ति को लेकर कई तरह की गड़बड़ियां सामने आई हैं। छात्रवृत्ति व शुल्क प्रतिपूर्ति दिलाने के नाम पर विद्यार्थियों से पैसे मांगने की भी शिकायत निदेशक समाज कल्याण विभाग को मिली थीं। इसे देखते हुए निदेशक समाज कल्याण ने सभी जिला समाज कल्याण अधिकारियों व जिला समाज कल्याण अधिकारी ने शिक्षण संस्थानों को पत्र भेजकर कहा है कि वर्तमान वित्तीय वर्ष 2019-20 से छात्रों के आधार नंबर के ऑनलाइन वेरीफिकेशन के बाद ही आवेदन पत्र शामिल हो सकेगा।
इसके तहत विद्यार्थियों का नाम, पिता-पति का नाम आदि का सत्यापन किया जाएगा। इसके बाद आधार नंबर से लिंक मोबाइल नंबर पर ओटीपी भेजा जाएगा। ओटीपी को आवेदन पत्र में भरने के बाद ही आवेदन पत्र जमा होगा। इस क्रम में सभी छात्रों के पास आधार नंबर होना चाहिए, जिनके पास नहीं है वे आधार कार्ड बनवा लें। जिन छात्रों के आधार कार्ड उपलब्ध हैं। वे कार्ड को अपने मोबाइल नंबर से लिंक करवा लें। उन्होंने यह भी कहा है कि विद्यार्थी हाईस्कूल के अंकपत्र व प्रमाण पत्र में दर्ज अपने व अभिभावकों के नाम भी आधार कार्ड में भी अपडेट करा लें। जन्मतिथि को भी अपडेट करा लें। इस क्रम में डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय ने अपने विद्यार्थियों को सूचित किया है कि वे 10 जून तक इससे जुड़ी प्रक्रिया पूरी कर लें। ताकि छात्रवृत्ति व शुल्क प्रतिपूर्ति के लाभ से वे वंचित न रह जाएं।
पिछले सत्र के लंबित डेटा 17 तक अपडेट करें
विभाग ने पिछले सत्र 2018-19 के एससी-एसटी विद्यार्थियों की समस्या को देखते हुए उनके लंबित डेटा अपडेट करने के लिए एक और अवसर दिया है। इसके अनुसार शिक्षण संस्थान में पढ़ रहे एससी-एसटी विद्यार्थी ऑनलाइन आवेदन पत्र की छायाप्रति, ऑनलाइन आवेदन का वर्तमान स्टेटस, संदिग्धता से संबंधित साक्ष्य की छायाप्रति के साथ अपनी सूचनाएं 17 जून तक अपडेट करें। इस क्रम में लखनऊ विश्वविद्यालय ने विद्यार्थियों से 17 जून तक सीपीएमटी भवन में उक्त कागजात जमा करने को कहा है।